अयोध्या/8 सितंबर 2026: अयोध्या में राम मंदिर निर्माण और धाम के तेजी से हो रहे विकास को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। राजकीय इंटर कॉलेज में आयोजित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री ने कहा कि राम मंदिर बनने और अयोध्या में बड़े पैमाने पर विकास कार्य होने से सपा-कांग्रेस के लोग ‘भौचक’ हैं।
योगी ने कहा कि पूरी दुनिया राम के प्रति आस्था और उत्साह से भरी हुई है। रामलला के अयोध्या धाम में विराजमान होने के बाद देश-दुनिया से श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं, लेकिन विपक्षी दलों के लिए जैसे अभी भी ‘वीरानी’ छाई हुई है।
उन्होंने कहा कि विपक्ष यह समझ नहीं पा रहा है कि अयोध्या में रामलला का भव्य मंदिर कैसे बन गया, शहर की सड़कें चौड़ी कैसे हो गईं, रेलवे स्टेशन का कायाकल्प कैसे हुआ और महर्षि वाल्मीकि के नाम पर इतना बड़ा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट कैसे तैयार हो गया।
राम मंदिर को लेकर सपा पर योगी का हमला
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाजवादी पार्टी का एक चेहरा वह भी था, जब उसने प्रभु श्रीराम का विरोध किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण न हो, इसके लिए पूरी ताकत लगा दी गई थी।
योगी ने कहा कि रामभक्तों पर गोली चलाने से लेकर अदालत में राम मंदिर के विरोध में वकीलों की फौज खड़ी करने तक की कोशिशें की गईं। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि सपा और कांग्रेस आज भी अयोध्या की विरासत और उसके विकास को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।
उनके निशाने पर सिर्फ धार्मिक विरासत नहीं थी। मुख्यमंत्री ने अयोध्या में हुए बुनियादी ढांचे के बदलाव को भी विपक्ष की राजनीति से जोड़ते हुए कहा कि जो लोग कभी अयोध्या के विकास का विरोध करते थे, वे अब शहर में हुए बदलाव को देखकर सवालों में घिरे हुए हैं।
‘करीब दस साल पहले अयोध्या में तीन घंटे आती थी बिजली’
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या की पुरानी तस्वीर का जिक्र करते हुए कहा कि करीब एक दशक पहले शहर में बिजली, सड़क, स्वच्छता और अन्य नागरिक सुविधाओं की स्थिति खराब थी। उनके मुताबिक, विश्व प्रसिद्ध धार्मिक नगरी में मुश्किल से तीन घंटे बिजली मिलती थी और उसका कोई तय समय भी नहीं था।
उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली व्यवस्था पर एक सिंडिकेट का कब्जा था। कभी दिन में बिजली आती थी तो कभी रात में। ऐसे में अयोध्या जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक केंद्र में रहने वाले लोगों और यहां आने वाले श्रद्धालुओं को परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
सड़क चौड़ीकरण से एयरपोर्ट तक, विकास का जिक्र
योगी ने कहा कि सरकार ने अयोध्या धाम के विकास के लिए सड़कों के चौड़ीकरण और नई सड़कों के निर्माण की प्रक्रिया शुरू की तो इसका भी विरोध हुआ। उन्होंने कहा कि अयोध्या रेलवे स्टेशन के विकास और महर्षि वाल्मीकि के नाम पर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट बनाने को लेकर भी विरोध किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज अयोध्या की तस्वीर बदल रही है। राम मंदिर के निर्माण के साथ शहर में सड़क, रेलवे और हवाई कनेक्टिविटी जैसी सुविधाओं का विस्तार हुआ है। इससे अयोध्या केवल धार्मिक आस्था का केंद्र नहीं रह गई, बल्कि देश-दुनिया से जुड़ते एक बड़े तीर्थ और पर्यटन केंद्र के रूप में भी तेजी से विकसित हो रही है।
मुख्यमंत्री के भाषण में अयोध्या की धार्मिक विरासत और मौजूदा विकास परियोजनाएं एक साथ केंद्र में रहीं। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि एक ओर दुनिया राम के प्रति श्रद्धा व्यक्त कर रही है, वहीं सपा-कांग्रेस अयोध्या में हुए बदलाव को लेकर असहज दिखाई दे रही हैं।
अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के बाद शहर का बुनियादी ढांचा जिस तेजी से बदला है, उसे मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार के विकास मॉडल से जोड़ते हुए विपक्ष की पुरानी राजनीति पर सवाल उठाए। समारोह में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के सम्मान के बीच मुख्यमंत्री ने अयोध्या की बदली तस्वीर को सरकार की उपलब्धियों के रूप में भी पेश किया।










