बलरामपुर, 11 मार्च 2026। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को बलरामपुर मंडल में एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर प्रशासन को कई अहम निर्देश दिए। बैठक का मुख्य फोकस आगामी चैत्र नवरात्रि मेले, कानून-व्यवस्था की मजबूती और जिले में चल रही विकास परियोजनाओं की प्रगति रहा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और जनसुविधाओं में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
दरअसल, 19 मार्च से चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ होने जा रहा है और इस दौरान देवीपाटन शक्तिपीठ में लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ने प्रशासन को पहले से व्यापक तैयारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
नवरात्रि मेले में श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधाओं पर जोर
बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि देवीपाटन मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित और व्यवस्थित दर्शन व्यवस्था सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए। इसके लिए पुलिस और प्रशासन को मिलकर भीड़ प्रबंधन की ठोस योजना बनानी होगी।
उन्होंने निर्देश दिया कि मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में पेयजल, स्वच्छता, निर्बाध विद्युत आपूर्ति और ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह दुरुस्त रहे। साथ ही नवरात्रि से पहले विशेष स्वच्छता अभियान चलाने और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त सफाईकर्मियों की तैनाती करने को भी कहा।
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से तैयारियों की विस्तृत जानकारी लेते हुए कहा कि हर व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए जिससे श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो।
कानून व्यवस्था पर सख्त रुख, शोहदों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश
समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था पर भी कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी थाना क्षेत्रों में शिक्षण संस्थानों और भीड़भाड़ वाले इलाकों के आसपास एंटी रोमियो स्क्वॉड सक्रिय रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शोहदों, चेन स्नेचरों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ऐसे अपराधियों की तस्वीरें सार्वजनिक स्थानों और सोशल मीडिया पर जारी कर लोगों को सतर्क किया जाए।
सीमावर्ती क्षेत्रों को लेकर भी मुख्यमंत्री ने सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीमा क्षेत्रों में पुलिस और बीएसएफ की संयुक्त निगरानी सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि प्रशासन यह सुनिश्चित करे कि “छांगुर जैसा व्यक्ति दोबारा न पनपे।” इसके लिए ग्राम चौकीदारों को सक्रिय कर स्थानीय स्तर पर सूचनाओं का आदान-प्रदान मजबूत किया जाए और जिला मॉनिटरिंग कमेटी की बैठक नियमित रूप से आयोजित हो।
विकास परियोजनाओं को समय से पूरा करने का निर्देश
बैठक में मुख्यमंत्री ने जिले में चल रही विकास योजनाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने मां पाटेश्वरी राज्य विश्वविद्यालय के निर्माण कार्य को तेजी से पूरा करने का निर्देश देते हुए कहा कि इसे मई 2026 तक पूर्ण किया जाए। साथ ही विश्वविद्यालय को भविष्य में रिसर्च सेंटर के रूप में विकसित करने की भी बात कही।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाली थारू जनजाति और अन्य जरूरतमंद परिवारों को सरकार की सभी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिले। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजनाओं का लक्ष्य केवल कागजों पर नहीं बल्कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचना होना चाहिए।
व्यापारियों और उद्योग से जुड़े मुद्दों के समाधान पर जोर
मुख्यमंत्री ने जिले में उद्योग और व्यापार से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा की। उन्होंने निर्देश दिया कि जिला उद्योग बंधु और व्यापारी संगठनों के साथ नियमित बैठकें आयोजित की जाएं और उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए।
इसके अलावा उन्होंने कहा कि जिले में बन रहे मेडिकल कॉलेज में सभी औपचारिकताएं समय से पूरी कर नए शैक्षणिक सत्र से पढ़ाई शुरू कराने की तैयारी की जाए।
शिक्षा, स्वास्थ्य और बाढ़ से बचाव पर भी चर्चा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को आगामी स्कूल चलो अभियान की तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नए शैक्षणिक सत्र से पहले बच्चों को ड्रेस, बैग, किताबें और जूते-मोजे उपलब्ध करा दिए जाएं।
साथ ही स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि मरीजों को इलाज के लिए दूसरे जिलों में जाने की जरूरत न पड़े।
उन्होंने बाढ़ संभावित क्षेत्रों को देखते हुए अभी से नदियों और पहाड़ी नालों के ड्रेनेज एवं चैनलाइजेशन का काम समय से पूरा करने का निर्देश भी दिया।
कई योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
बैठक में मुख्यमंत्री ने विभिन्न योजनाओं और परियोजनाओं की प्रगति का भी विस्तृत जायजा लिया। इनमें मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान, युवा स्वरोजगार योजना, जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, ऑपरेशन कायाकल्प, गो संरक्षण, टीकाकरण अभियान, पौधरोपण कार्यक्रम और आईजीआरएस जैसे कई प्रमुख कार्यक्रम शामिल रहे।
बैठक में विधायक पल्टूराम, कैलाश नाथ शुक्ल, राम प्रताप वर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष आरती तिवारी, विधान परिषद सदस्य साकेत मिश्र और अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे।
कुल मिलाकर बलरामपुर में सीएम योगी की बैठक में साफ संदेश दिया गया कि आने वाले नवरात्रि मेले की तैयारियां हों या जिले के विकास कार्य—हर क्षेत्र में प्रशासन को समयबद्ध और जिम्मेदार तरीके से काम करना होगा।








