ग्रेटर नोएडा, 5 मार्च 2026। सीएम योगी ग्रेटर नोएडा वेस्ट दौरे के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में बदलते विकास और स्वास्थ्य ढांचे को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि एक समय ऐसा था जब उत्तर प्रदेश की पहचान “एक जनपद एक माफिया” जैसी नकारात्मक छवि से जुड़ गई थी, लेकिन आज वही प्रदेश “एक जनपद एक मेडिकल कॉलेज” के लक्ष्य की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री ने ग्रेटर नोएडा वेस्ट के सेक्टर-10 में करीब 200 करोड़ रुपये की लागत से बने केडीएसजी (KDSG) अस्पताल का उद्घाटन किया। उद्घाटन के बाद आयोजित जनसभा में उन्होंने प्रदेश में निवेश, स्वास्थ्य सुविधाओं और कानून व्यवस्था में हुए बदलावों का उल्लेख किया।
सीएम योगी ग्रेटर नोएडा वेस्ट: उत्तर प्रदेश अब विकास का इंजन
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब देश के विकास का एक महत्वपूर्ण इंजन बन चुका है। उन्होंने बताया कि गौतमबुद्ध नगर में फिल्म सिटी और मेडिकल डिवाइस पार्क जैसे बड़े प्रोजेक्ट विकसित किए जा रहे हैं, जो प्रदेश की अर्थव्यवस्था और रोजगार के अवसरों को नई गति देंगे।
उन्होंने कहा कि एक समय था जब निवेशक उत्तर प्रदेश में आने से हिचकते थे, लेकिन अब स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। बेहतर कानून व्यवस्था, मजबूत बुनियादी ढांचे और उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल ने राज्य को निवेश के लिए आकर्षक बना दिया है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि विकसित भारत की परिकल्पना को साकार करने में उत्तर प्रदेश अहम भूमिका निभाएगा और राज्य सरकार इस दिशा में हर जरूरी सहयोग देगी।
‘डॉक्टर का अच्छा व्यवहार आधी बीमारी खत्म कर देता है’
स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सस्ती और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं हर नागरिक का अधिकार हैं। उन्होंने आयुष्मान भारत योजना का जिक्र करते हुए बताया कि इस योजना के तहत देश के करीब 60 करोड़ लोगों को और उत्तर प्रदेश के 5.60 करोड़ लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड के माध्यम से इलाज की सुविधा मिल रही है।
उन्होंने निजी क्षेत्र की भागीदारी को भी स्वास्थ्य क्षेत्र में जरूरी बताया। मुख्यमंत्री ने डॉक्टरों को संबोधित करते हुए कहा कि इलाज के साथ-साथ मरीजों के प्रति उनका व्यवहार भी बेहद महत्वपूर्ण होता है।
अपने अंदाज में उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा,
“कई बार डॉक्टर का अच्छा व्यवहार ही मरीज की आधी बीमारी खत्म कर देता है। जैसे क्रिकेट में कपिल देव जब टीम को लीड करते थे तो पाकिस्तान की टीम पहले से ही दबाव में आ जाती थी।”
स्वास्थ्य ढांचे में बड़ा विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछले वर्षों में देश और प्रदेश दोनों स्तर पर स्वास्थ्य ढांचे में व्यापक सुधार हुआ है। उन्होंने बताया कि 2014 तक भारत में केवल छह एम्स थे, जबकि अब उनकी संख्या बढ़कर 23 हो चुकी है।
इसी तरह उत्तर प्रदेश में मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ा विस्तार हुआ है। पहले राज्य में सिर्फ 17 मेडिकल कॉलेज थे, जो अब बढ़कर 81 तक पहुंच गए हैं।
उन्होंने कहा कि ग्रेटर नोएडा वेस्ट में शुरू हुआ 300 बेड का केडीएसजी अस्पताल न सिर्फ आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराएगा, बल्कि इससे करीब 1000 लोगों को रोजगार भी मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि जिन जरूरतमंद लोगों के पास आयुष्मान कार्ड नहीं है, उनके इलाज के लिए राज्य सरकार मुख्यमंत्री राहत कोष से एक साल में लगभग 1300 करोड़ रुपये की सहायता दे चुकी है।
निवेशकों का बढ़ा भरोसा
कार्यक्रम में मौजूद गौतमबुद्ध नगर के सांसद डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने में उत्तर प्रदेश की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होगी।
उन्होंने कहा कि करीब तीन दशक पहले इस क्षेत्र में निवेश करने से उद्योगपति कतराते थे, क्योंकि कानून व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं की स्थिति बेहतर नहीं थी। लेकिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में स्थिति में व्यापक बदलाव आया है।
उन्होंने बताया कि अब प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है, सड़क और इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार हुआ है, जिसके कारण देश ही नहीं बल्कि जापान और सिंगापुर जैसे देशों के निवेशक भी उत्तर प्रदेश में निवेश को लेकर उत्साहित हैं।
सांसद ने क्षेत्र में रजिस्ट्री, रेरा और किसानों से जुड़ी समस्याओं के समाधान का भी भरोसा दिलाया और कहा कि मेट्रो के दूसरे रूट को भी जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है।
कई गणमान्य लोग रहे मौजूद
केडीएसजी अस्पताल के उद्घाटन समारोह में कई प्रमुख हस्तियां भी मौजूद रहीं। कार्यक्रम में पूर्व क्रिकेटर कपिल देव, प्रभारी मंत्री बृजेश सिंह, विधायक तेजपाल नागर, विधायक धीरेंद्र सिंह, सांसद डॉ. महेश शर्मा, अस्पताल के प्रमोटर सुनील कुमार गुप्ता और डॉ. अजिंक्य डीवाई पाटिल सहित कई गणमान्य लोग शामिल हुए।








