ग्रेटर नोएडा, 05 मार्च 2026। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को ग्रेटर नोएडा में केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं में विश्वास, मानवीय व्यवहार और आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं की अहमियत पर विस्तार से बात की।
अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने एक रोचक उदाहरण देते हुए कहा कि जिस तरह क्रिकेट के मैदान पर कपिल देव की मौजूदगी से विरोधी टीम पर दबाव बन जाता था, उसी तरह डॉक्टर के प्रति मरीज का विश्वास भी बीमारी के खिलाफ आधी लड़ाई जीतने जैसा होता है। उन्होंने इसी उदाहरण के जरिए पाकिस्तान का उल्लेख करते हुए तीखा राजनीतिक तंज भी किया।
केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के उद्घाटन पर योगी का संदेश
केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा केवल दवाओं और मशीनों तक सीमित नहीं होती, बल्कि इसमें डॉक्टर और मरीज के बीच विश्वास का रिश्ता सबसे अहम भूमिका निभाता है।
उन्होंने कहा कि जब कोई मरीज डॉक्टर के पास जाता है, तो वह केवल इलाज ही नहीं बल्कि भरोसा और संवेदनशील व्यवहार भी तलाशता है। कई बार डॉक्टर का सकारात्मक व्यवहार ही मरीज की आधी बीमारी को कम कर देता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चिकित्सा सेवा का मूल आधार मानवीय दृष्टिकोण होना चाहिए। यदि डॉक्टर का व्यवहार सहानुभूतिपूर्ण हो और मरीज को भरोसा मिले, तो इलाज की प्रक्रिया भी अधिक प्रभावी हो जाती है।
कपिल देव का उदाहरण देकर पाकिस्तान पर टिप्पणी
अपने भाषण में मुख्यमंत्री ने क्रिकेट के उदाहरण से बात को सरल तरीके से समझाया। उन्होंने कहा कि जब भारतीय क्रिकेट टीम के महान कप्तान कपिल देव गेंदबाजी करते थे या टीम का नेतृत्व करते थे, तो पाकिस्तान की टीम आधा मुकाबला मानसिक रूप से वहीं हार जाती थी।
मुख्यमंत्री ने इसी संदर्भ में कहा कि यदि बीमारी को पाकिस्तान की तरह और डॉक्टर को कपिल देव की तरह देखा जाए, तो मरीज डॉक्टर को देखकर ही मानसिक रूप से आधी लड़ाई जीत लेता है।
उनका यह बयान कार्यक्रम में मौजूद लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया और सभागार में मौजूद लोगों ने इसे तालियों के साथ सुना।
डॉक्टर पर भरोसा हो तो दवा और दुआ दोनों काम करती हैं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि डॉक्टर और मरीज के बीच भरोसे का रिश्ता चिकित्सा व्यवस्था की सबसे मजबूत कड़ी है।
उन्होंने कहा कि जब मरीज को डॉक्टर पर भरोसा हो जाता है, तो उसकी मानसिक शक्ति भी बढ़ जाती है। ऐसी स्थिति में न केवल दवा का असर बेहतर होता है, बल्कि मरीज और उसके परिवार की दुआएं भी डॉक्टर के साथ होती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉक्टर को मरीज की दुआ मिलना सबसे बड़ा सम्मान है और यही किसी अस्पताल की प्रतिष्ठा को भी मजबूत बनाता है।
आयुष्मान भारत योजना से करोड़ों लोगों को लाभ
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर केंद्र और राज्य सरकार द्वारा स्वास्थ्य क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से गरीब और जरूरतमंद परिवारों को पांच लाख रुपये तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत देश में 60 करोड़ से अधिक लोगों को स्वास्थ्य सुरक्षा का लाभ मिल रहा है। उत्तर प्रदेश इस योजना के क्रियान्वयन में अग्रणी राज्यों में शामिल है।
प्रदेश में अब तक 5 करोड़ 60 लाख से अधिक आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनाए जा चुके हैं, जिससे लाखों लोगों को गंभीर बीमारियों के इलाज में राहत मिली है।
स्वास्थ्य सेवाएं हों सस्ती, सही और विश्वसनीय
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता के साथ-साथ उनकी पहुंच और विश्वसनीयता भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि अस्पतालों की सेवाएं ऐसी होनी चाहिए जो सही, सस्ती और भरोसेमंद हों। किसी भी स्तर पर मरीज के साथ धोखा नहीं होना चाहिए और हर नागरिक को यह भरोसा होना चाहिए कि उसे उचित उपचार मिलेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में उपचार दरों को संतुलित करने और निजी अस्पतालों की मनमानी को नियंत्रित करने के लिए भी लगातार प्रयास कर रही है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में निजी भागीदारी की जरूरत
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि आधुनिक स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए सरकार और निजी क्षेत्र की साझेदारी बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि निजी अस्पतालों की भागीदारी से बड़ी आबादी को आधुनिक और उन्नत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं।
मुख्यमंत्री ने केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के निर्माण को इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए संस्थापकों को बधाई दी और विश्वास जताया कि यह अस्पताल गौतम बुद्ध नगर के साथ-साथ पूरे एनसीआर क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।








