लखनऊ/सोमवार, 28 सितंबर 2026: उत्तर प्रदेश में यूपी में भारी बारिश और आंधी-तूफान ने पिछले कुछ दिनों में कई जिलों में जनजीवन प्रभावित कर दिया है। राहत आयुक्त के अनुसार, पिछले 60 घंटों में अतिवृष्टि और प्रतिकूल मौसम से प्रदेश में 56 लोगों की मौत, 107 पशुहानि और 1021 मकानों के क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिली है। इस दौरान 46 लोगों के घायल होने की भी जानकारी सामने आई है।
प्रभावित जिलों में राहत और बचाव अभियान लगातार चलाया जा रहा है। राहत आयुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने रविवार को जिलाधिकारियों और अपर जिलाधिकारियों से बातचीत कर स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावित परिवारों से व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्याएं जानने और जरूरत के मुताबिक तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
यूपी में भारी बारिश सामान्य से 775 प्रतिशत अधिक
राहत आयुक्त के मुताबिक 25 सितंबर से 27 सितंबर की सुबह तक प्रदेश में 66.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इस अवधि में सामान्य वर्षा 7.6 मिलीमीटर मानी जाती है। इस तरह प्रदेश में बारिश सामान्य से 775 प्रतिशत अधिक रही।
प्रदेश के 75 जिलों में से 56 जिलों में अत्यधिक वर्षा दर्ज की गई। आंकड़े बताते हैं कि कुछ जिलों में सामान्य बारिश की तुलना में असाधारण बढ़ोतरी हुई है। फर्रुखाबाद में सामान्य से 7,385 प्रतिशत, कन्नौज में 5,664 प्रतिशत, शाहजहांपुर में 4,408 प्रतिशत, हमीरपुर में 4,240 प्रतिशत और महोबा में 4,100 प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई।
60 घंटे में 56 लोगों की मौत
अतिवृष्टि और आंधी-तूफान से हुई जनहानि में सीतापुर सबसे अधिक प्रभावित जिलों में रहा, जहां सात लोगों की मौत की सूचना है। इसके अलावा लखीमपुर खीरी, बहराइच और बलरामपुर में पांच-पांच तथा अयोध्या और गोरखपुर में चार-चार लोगों की मौत की जानकारी राहत विभाग ने दी है।
बारिश और तेज हवाओं से सिर्फ जनहानि ही नहीं हुई, बल्कि पशुओं और मकानों को भी व्यापक नुकसान पहुंचा है। प्रशासन की ओर से नुकसान का आकलन और प्रभावित परिवारों तक सहायता पहुंचाने का काम जारी है।
इन जिलों में सबसे ज्यादा मकान क्षतिग्रस्त
राहत विभाग के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में 1021 मकानों के क्षतिग्रस्त होने की सूचना है। इनमें कई जिलों में नुकसान काफी अधिक रहा।
| जिला | क्षतिग्रस्त मकान |
|---|---|
| हरदोई | 272 |
| सीतापुर | 108 |
| चंदौली | 75 |
| औरैया | 60 |
| गोंडा | 54 |
| हमीरपुर | 51 |
| शाहजहांपुर | 47 |
| बहराइच | 44 |
इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि बारिश और तेज हवाओं का असर अलग-अलग हिस्सों में व्यापक रहा है। प्रभावित इलाकों में प्रशासन को राहत सामग्री, सुरक्षित स्थान और तत्काल सहायता की व्यवस्था पर जोर देना पड़ रहा है।
प्रभावित परिवारों से सीधे मिलने के निर्देश
राहत आयुक्त ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे केवल कार्यालय से स्थिति की निगरानी करने के बजाय प्रभावित परिवारों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझें। जरूरतमंद लोगों को आवश्यक सहायता तत्काल उपलब्ध कराने और राहत कार्यों में तेजी लाने को कहा गया है।
राज्य में लगातार बारिश के कारण कई स्थानों पर जलभराव और अन्य मौसमी समस्याएं भी सामने आई हैं। ऐसे में प्रशासन की प्राथमिकता प्रभावित लोगों को सुरक्षित रखना और नुकसान को कम करना है।
राहत और बचाव कार्य लगातार जारी
सरकार और जिला प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य जारी हैं। अधिकारियों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। आपात स्थिति में राहत आयुक्त कार्यालय की हेल्पलाइन 1070 पर संपर्क करने की अपील भी की गई है।
फिलहाल मौसम और वर्षा की स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है। जिन इलाकों में लगातार बारिश हो रही है, वहां लोगों से सावधानी बरतने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।










