लखनऊ,19 सितंबर 2026 (शनिवार)। उत्तर प्रदेश में सरकारी नौकरियों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को बड़ा ऐलान किया। लखनऊ स्थित लोकभवन में मिशन रोजगार के तहत 818 चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले छह महीने में प्रदेश के एक लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि नियुक्तियों का यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।
मुख्यमंत्री ने इस दौरान कहा कि जो लोग रोजगार नहीं दे पाए, वे सवाल उठाते रहें, सरकार अपना काम करती रहेगी। उनके शब्दों में, “वे गिनते जाएं, हम नौकरियां देते जाएंगे।” उन्होंने कहा कि लक्ष्य एक लाख से कम नियुक्तियों का नहीं, बल्कि उससे अधिक युवाओं को सरकारी सेवा से जोड़ने का है।
818 युवाओं को मिले नियुक्ति पत्र
लोकभवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) और उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) के माध्यम से चयनित 818 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए गए। इनमें आयुष, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम समेत विभिन्न विभागों के पद शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने नवचयनित युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि नियुक्ति उनके परिश्रम का परिणाम है। उन्होंने उम्मीद जताई कि युवा अपनी नई जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए प्रदेश के विकास में योगदान देंगे।
सरकार के अनुसार, पिछले करीब साढ़े नौ वर्षों में लगभग 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि नियुक्तियों की प्रक्रिया आगे भी लगातार चलती रहेगी।
पुलिस और होमगार्ड में हजारों पदों पर नियुक्ति
सीएम योगी ने आने वाले महीनों में होने वाली भर्तियों का ब्योरा भी साझा किया। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस में करीब 36 हजार युवाओं की नियुक्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। इन भर्तियों के लिए परीक्षा हो चुकी है और शारीरिक तथा मेडिकल प्रक्रिया चल रही है।
इसी तरह होमगार्ड में 41 से 42 हजार नियुक्तियों का जिक्र भी मुख्यमंत्री ने किया। इसके अलावा UPSSSC के आगामी परिणामों के जरिए अगले छह महीनों में करीब 25 से 30 हजार युवाओं को अवसर मिलने की बात कही गई।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, उत्तर प्रदेश शिक्षा चयन आयोग के माध्यम से लगभग 20 से 25 हजार और UPPSC के जरिए अलग-अलग विभागों में करीब 15 से 16 हजार युवाओं को अवसर मिलने की उम्मीद है।
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर
मुख्यमंत्री ने भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता, समयबद्धता और शुचिता पर जोर दिया। उन्होंने UPPSC और UPSSSC के अध्यक्षों तथा सदस्यों को समयबद्ध तरीके से चयन प्रक्रिया पूरी करने के लिए धन्यवाद दिया।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब भर्ती आयोग और बोर्ड राजनीतिक हस्तक्षेप से अलग रहकर परीक्षाएं पारदर्शी तरीके से कराते हैं, तो उसके परिणाम भी सामने आते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने भर्ती प्रक्रिया में मेरिट और पारदर्शिता को प्राथमिकता दी है।
2017 से पहले की भर्ती व्यवस्था पर सीएम योगी का हमला
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में 2017 से पहले की सरकारों पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय भर्ती आयोगों और बोर्डों में भाई-भतीजावाद और राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण चयन प्रक्रिया की विश्वसनीयता प्रभावित हुई थी।
उन्होंने दावा किया कि विज्ञापन जारी होने के बाद कथित तौर पर अलग-अलग गिरोह सक्रिय हो जाते थे और भर्ती प्रक्रिया में अनियमितताओं की शिकायतें सामने आती थीं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में ऐसी स्थिति बनी कि योग्य युवाओं में निराशा पैदा हुई और उन्हें रोजगार के लिए प्रदेश से बाहर जाना पड़ा।
ये आरोप मुख्यमंत्री के राजनीतिक संबोधन का हिस्सा थे। कार्यक्रम में उन्होंने मौजूदा व्यवस्था को इससे अलग बताते हुए भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने पर सरकार के जोर को रेखांकित किया।
ग्रुप-3 और ग्रुप-4 भर्ती में इंटरव्यू खत्म करने का जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने समूह-3 और समूह-4 की भर्तियों में साक्षात्कार की व्यवस्था समाप्त की है। उनके अनुसार, इसका उद्देश्य चयन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाना और अभ्यर्थियों के मूल्यांकन में मेरिट को प्रमुख आधार बनाना है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में प्रतिभाशाली युवाओं को अवसर मिलने से राज्य की कार्यक्षमता बढ़ेगी। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि जब बड़ी संख्या में प्रशिक्षित और प्रतिभाशाली युवा सरकारी व्यवस्था का हिस्सा बनेंगे तो इसका असर उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था और प्रशासनिक क्षमता पर भी पड़ेगा।
आने वाले छह महीने में एक लाख से अधिक सरकारी नियुक्तियां देने का यह लक्ष्य अब उत्तर प्रदेश में रोजगार को लेकर सरकार की अगली बड़ी कवायद के रूप में सामने आया है। पुलिस, होमगार्ड और विभिन्न भर्ती आयोगों के जरिए होने वाली चयन प्रक्रियाओं के परिणाम इस लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण होंगे।









