गोरखपुर/12 जुलाई 2026: गोरखपुर में रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ताल रिंग रोड पौधरोपण अभियान के तहत आरकेबीके के समीप ताल रिंग रोड किनारे मौलश्री का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि वृक्ष केवल हरियाली बढ़ाने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि जल संरक्षण, नदियों के अस्तित्व और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की मजबूत आधारशिला भी हैं। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से जुड़कर पौधरोपण के साथ उसके संरक्षण का भी संकल्प लें।
पौधरोपण महायज्ञ-2026 के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एक विकसित वृक्ष अपने भीतर हजारों लीटर पानी को संरक्षित रखने की क्षमता रखता है। यही कारण है कि जिन क्षेत्रों में पर्याप्त वन और वृक्ष होते हैं, वहां की नदियां वर्षभर जल से भरपूर रहती हैं। उन्होंने कहा कि यदि अंधाधुंध वृक्षों की कटाई जारी रही तो जल संकट के साथ-साथ कृषि और खाद्य सुरक्षा पर भी गंभीर असर पड़ सकता है।
पर्यावरण असंतुलन का सबसे बड़ा असर किसानों पर पड़ता है
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बदलते मौसम और पर्यावरण असंतुलन का सीधा प्रभाव वर्षा चक्र पर पड़ रहा है। समय पर बारिश नहीं होने से खेती प्रभावित होती है और सबसे अधिक परेशानी किसानों को उठानी पड़ती है। उन्होंने कहा कि बड़े पैमाने पर वृक्षों की कटाई से भूजल स्तर गिरता है, पेयजल संकट गहराता है और कई क्षेत्रों में सूखे जैसी परिस्थितियां बन जाती हैं।
उन्होंने कहा कि प्रकृति और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनभागीदारी का ऐसा अभियान है, जिसमें प्रत्येक नागरिक की भूमिका महत्वपूर्ण है।
35 करोड़ पौधरोपण के लक्ष्य को बताया जनसहयोग से संभव
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष उत्तर प्रदेश सरकार ने एक ही दिन में 35 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश में मौजूद 57 लाख से अधिक नर्सरियों और जनता की भागीदारी के बल पर यह लक्ष्य आसानी से हासिल किया जा सकता है।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत औषधीय, फलदार, छायादार और इमारती प्रजातियों के पौधे लगाए जा रहे हैं, ताकि पर्यावरण संरक्षण के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था और जैव विविधता को भी मजबूती मिल सके।
वनाच्छादन बढ़ा, पौधों की सुरक्षा पर सरकार का विशेष जोर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राज्य सरकार पिछले कई वर्षों से लगातार बड़े स्तर पर पौधरोपण अभियान चला रही है। पौधे लगाने के साथ-साथ उनकी सुरक्षा और देखरेख की प्रभावी व्यवस्था की गई है, जिसका परिणाम अब वनाच्छादन में बढ़ोतरी के रूप में दिखाई दे रहा है।
उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति प्रकृति के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का संदेश देती है। व्यापक स्तर पर पौधरोपण कर हम न केवल धरती के प्रति अपना दायित्व निभाते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण भी सुनिश्चित करते हैं।
रामगढ़ताल की खूबसूरती का लिया आनंद, जनप्रतिनिधि भी रहे मौजूद
पौधरोपण कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री ने रामगढ़ताल की प्राकृतिक सुंदरता का अवलोकन किया और वहां सेल्फी भी ली। कार्यक्रम में सांसद रवि किशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, एमएलसी एवं भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. धर्मेंद्र सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष विनोद राय, महानगर अध्यक्ष रमेश प्रताप गुप्ता, पूर्व महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता समेत कई जनप्रतिनिधि और स्थानीय पार्षद मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने अंत में प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे एक पौधा अवश्य लगाएं, उसकी नियमित देखभाल करें और पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं।










