अयोध्या (Mon, 20 Oct 2025) —भव्य Ayodhya Deepotsav 2025 के अगले ही दिन अयोध्या ने एक अलग ही दृश्य देखा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सुबह-सुबह सरयू अतिथि गृह से सीधे हनुमानगढ़ी पहुंचे, जहां उन्होंने हनुमानजी के दर्शन कर रामलला के दरबार में मत्था टेका। श्रद्धा और भक्ति के इस क्षण के बाद मुख्यमंत्री ने वाल्मिकी और निषाद समाज के लोगों के साथ दीपावली मनाकर एक मिसाल पेश की।
समाज के साथ दिवाली, बच्चों संग मुस्कुराते मुख्यमंत्री
रामलला के दर्शन के बाद सीएम योगी कंधरपुर स्थित निषाद बस्ती पहुंचे। यहां उन्होंने समाज के लोगों से आत्मीयता से मुलाकात की, बच्चों को उपहार बांटे और उनके साथ दीप जलाकर खुशी साझा की। उन्होंने वाल्मिकी और निषाद समुदाय के कार्यों की सराहना करते हुए कहा, “यह समाज हमारी सभ्यता की आत्मा है।”
मुख्यमंत्री ने देवकाली वार्ड के मातगैड मलिन बस्ती में भी दिवाली का पर्व मनाया। बस्ती के लोगों को रामलला का प्रसाद और दीपावली के उपहार वितरित करते हुए योगी बोले, “आपका मोहल्ला बहुत साफ-सुथरा है। यह बताता है कि आपने ‘स्वच्छ भारत’ के संदेश को सच्चे अर्थों में अपनाया है। जब हम स्वच्छ रहेंगे, तभी स्वस्थ रहेंगे।”
उन्होंने कहा कि दीपावली मिलकर मनाने का पर्व है — “त्योहार का असली आनंद तब है, जब समाज के हर वर्ग की भागीदारी हो।”
संतों से संवाद और सरयू तट पर आत्मिक क्षण
हनुमानगढ़ी और रामलला के दर्शन के बाद मुख्यमंत्री दिगंबर अखाड़ा बड़ा भक्तमाल और मणिरामदास छावनी गए। कारसेवकपुरम में संतों से भेंटकर जलपान किया और फिर रामकथा पार्क पहुंचे, जहां सफाईकर्मियों व नाविकों के साथ समय बिताया और मिष्ठान वितरण किया।
दीपोत्सव ने फिर रचा इतिहास
Ayodhya Deepotsav 2025 ने इस बार भी विश्व मंच पर अपनी पहचान और उज्जवल कर दी। भगवान राम के अयोध्या आगमन के उपलक्ष्य में सरयू के 56 घाटों पर 29,25,051 दीपों की रोशनी फैली। इनमें से 26,17,215 दीप लगातार जलते रहे, जिससे नया गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बना।
पोलैंड से आए मेहमानों, संतों और हजारों श्रद्धालुओं की मौजूदगी में जब जय श्रीराम के उद्घोष गूंजे, तो पूरा राम की पैड़ी दिव्य आलोक में नहा उठा।
पिछले वर्ष के 25.12 लाख दीपों के रिकॉर्ड को इस बार एक लाख से अधिक दीपों के साथ तोड़ा गया। गिनीज़ बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड की टीम ने मंच से घोषणा की और प्रमाणपत्र मुख्यमंत्री योगी को सौंपा।
सरयू की महाआरती ने भी बनाया रिकॉर्ड
अयोध्या ने लगातार दूसरी बार सरयू आरती का विश्व कीर्तिमान भी रचा। इस बार 2158 अर्चकों और मातृशक्तियों ने एक साथ आरती कर नया रिकॉर्ड बनाया। कार्यक्रम में महंत शशिकांत दास, महंत जनार्दन दास और योगी सरकार के कई मंत्री उपस्थित रहे।
प्रभु श्रीराम का प्रतीकात्मक राज्याभिषेक
दीपोत्सव से पहले सुबह 10 बजे साकेत महाविद्यालय से श्रीराम राज्याभिषेक शोभायात्रा निकाली गई। यह शोभायात्रा रामपथ से होते हुए रामकथा पार्क पहुंची, जहां दोपहर में मुख्यमंत्री योगी ने झांकी की अगवानी की। जैसे ही “पुष्पक विमान” रूपी हेलीकॉप्टर से प्रभु श्रीराम उतरे, पूरा सरयू तट जयकारों से गूंज उठा।
मुख्यमंत्री योगी ने गुरु वशिष्ठ की भूमिका निभाकर श्रीराम का प्रतीकात्मक राज्याभिषेक किया — और उस क्षण ने त्रेतायुग का दृश्य मानो जीवंत कर दिया।
निष्कर्ष
Ayodhya Deepotsav 2025 सिर्फ दीपों का उत्सव नहीं रहा, बल्कि सामाजिक समरसता, स्वच्छता, और आध्यात्मिक एकता का जीवंत प्रतीक बन गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाज के अंतिम व्यक्ति तक इस पर्व की रोशनी पहुंचाकर बताया कि असली ‘रामराज्य’ तभी संभव है जब हर घर में दीप जलें।












