नई दिल्ली(Sat, 07 Feb 2026)। ICC Men’s T20 World Cup 2026 के तीसरे मुकाबले में भारत ने अमेरिका को 29 रन से हराकर अपने अभियान का आगाज जीत के साथ किया। मुंबई के अपने परिचित मैदान पर कप्तान Suryakumar Yadav का बल्ला ऐसा गरजा कि मुश्किल हालात में भी टीम 160 के पार पहुंच गई। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 9 विकेट पर 161 रन बनाए, जवाब में United States national cricket team 20 ओवर में 132/8 तक ही पहुंच सकी।
10 फरवरी को भारत का अगला मुकाबला Namibia national cricket team से Arun Jaitley Stadium में होगा।
टॉस, पिच और अमेरिका की चतुर रणनीति
अमेरिका के कप्तान Monank Patel ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी। लाल मिट्टी की पिच से उछाल की उम्मीद थी, पर गेंद रुककर आ रही थी। यह वही जाल था जिसमें भारतीय बल्लेबाज फंसते चले गए। फील्ड सेटिंग और लेंथ—दोनों में अमेरिकी टीम की तैयारी साफ दिखी, खासकर मुंबई में लंबे समय तक क्रिकेट खेल चुके खिलाड़ियों का अनुभव काम आया।
भारतीय बल्लेबाजी: कैचों की परेड, एक छोर पर सूर्या
भारत की शुरुआत उम्मीद के उलट रही। Abhishek Sharma शून्य पर लौटे। पावरप्ले में 46/4 का स्कोर बताता है कि गेंद कितनी धोखा दे रही थी। दक्षिण अफ्रीकी मूल के तेज गेंदबाज Sheldon van Schalkwyk ने एक ओवर में मैच का रुख मोड़ दिया—Ishan Kishan (20), Tilak Varma (25) और Shivam Dube (0) पवेलियन लौटे।
14 ओवर में 86/6… माहौल भारी था। इसी बीच कोच Gautam Gambhir का छोटा-सा संवाद और फिर सूर्या का गियर बदलना। आखिरी ओवर में Saurabh Netravalkar के खिलाफ दो चौके, दो छक्के—और स्कोर 161/9।
सूर्यकुमार 49 गेंदों पर 84* (10 चौके, 4 छक्के)। Axar Patel ने 14 रन जोड़कर साथ निभाया।
अमेरिका की पारी: शुरुआत में ही शिकंजा
नई गेंद से Arshdeep Singh ने कसा हुआ ओवर डाला, दबाव का फायदा Mohammed Siraj ने उठाया। Andries Gous (6) और कप्तान मोनांक पटेल शून्य पर आउट। दूसरे छोर से सैतेजा मुक्कमल्ला (2) भी लौटे।
मिलिंद कुमार (34) और संजय कृष्णमूर्ति (37) ने 58 रन जोड़े, पर Varun Chakravarthy की गेंद पर Ishan Kishan की फुर्तीली स्टंपिंग ने साझेदारी तोड़ी। 16वें ओवर में अक्षर पटेल के दो झटकों ने मैच भारत की मुट्ठी में कर दिया। अंततः अमेरिका 132/8 पर रुक गया। सिराज 3 विकेट, अर्शदीप और अक्षर को 2-2 सफलताएं।
मैच का मोड़ और संदर्भ
2024 में नसाऊ काउंटी की मुश्किल पिच पर भी अमेरिका ने भारत को कड़ी टक्कर दी थी; वहां भी सूर्या का अर्धशतक काम आया था। इस बार मंच अलग था, कहानी वही—मुश्किल पिच, धैर्य, और कप्तान की जिम्मेदारी।







