लखनऊ (06 नवंबर 2026)। उत्तर प्रदेश पुलिस में चयनित 4,543 अभ्यर्थियों के लिए धनतेरस का दिन खुशियों की सौगात लेकर आया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को लखनऊ की रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए। इस दौरान उन्होंने युवाओं से तीन सवाल पूछे, जिनमें नौकरी के लिए सिफारिश, रिश्वत और धौंस का इस्तेमाल किए जाने को लेकर सवाल शामिल थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद प्रदेश में युवाओं को बिना सिफारिश, बिना पक्षपात और बिना रिश्वत के नौकरी मिल रही है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने नियुक्ति पाने वाले युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि उनकी मेहनत और योग्यता को सम्मान मिल रहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रदेश में युवाओं को रोजगार देने का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।
CM योगी ने अभ्यर्थियों से पूछे ये तीन सवाल
नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चयनित अभ्यर्थियों से भर्ती प्रक्रिया को लेकर सीधे सवाल किए। उन्होंने पूछा कि क्या किसी को नौकरी पाने के लिए सिफारिश की जरूरत पड़ी थी? क्या किसी स्तर पर लेन-देन हुआ या किसी ने रिश्वत देने का प्रस्ताव रखा था? क्या किसी ने धौंस देकर नियुक्ति पत्र हासिल करने की कोशिश की थी?
मुख्यमंत्री ने तीसरे सवाल पर हल्के अंदाज में कहा कि इस बात पर तो वह खुद भी विश्वास नहीं करते। उनके सवालों का मकसद भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और युवाओं की योग्यता को रेखांकित करना था।
धनतेरस पर नियुक्ति पत्र पाकर अभ्यर्थियों को दी बधाई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि धनतेरस के शुभ अवसर पर युवाओं को नियुक्ति पत्र मिलना उनके लिए खुशी की बात है। उन्होंने सभी चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश में नौजवानों को नौकरी देने का सिलसिला बिना रुके, बिना डिगे और बिना झुके जारी रहेगा।
सीएम योगी ने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने के अपने संकल्प पर लगातार काम कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ नियुक्ति पत्र भविष्य में दिए जाएंगे और तीसरी बार सरकार बनने पर भी नियुक्तियों का सिलसिला जारी रहेगा।
‘2017 के बाद बिना सिफारिश और रिश्वत के मिल रही नौकरी’
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 के बाद उत्तर प्रदेश में युवाओं को बिना सिफारिश, बिना पक्षपात और बिना रिश्वत के नौकरी मिल रही है। अब युवाओं की मेहनत और योग्यता को सम्मान दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक एक लाख से अधिक युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए जा चुके हैं। सरकार जल्द ही 25 हजार शिक्षकों को भी नियुक्ति पत्र देने की तैयारी कर रही है।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने युवाओं को भरोसा दिलाया कि रोजगार के अवसर लगातार उपलब्ध कराए जाते रहेंगे।
वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने युवाओं को दी शुभकामनाएं
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने भी चयनित अभ्यर्थियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि आज युवाओं को जो जिम्मेदारी मिलने जा रही है, उसकी कल्पना कई लोगों ने की होगी, लेकिन उन्हें यह अवसर नहीं मिल पाया।
सुरेश खन्ना ने कहा कि चयनित युवाओं को बिना किसी सिफारिश और पक्षपात के उनकी योग्यता के आधार पर अवसर मिला है। यह उन सभी युवाओं के लिए संदेश है कि जीवन में कठिन परिश्रम करने से मनचाहा परिणाम प्राप्त किया जा सकता है।
उन्होंने अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए उम्मीद जताई कि वे पुलिस बल में अपनी जिम्मेदारी पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निभाएंगे।
पुलिस भर्ती में पारदर्शिता और युवाओं को रोजगार पर सरकार का जोर
उत्तर प्रदेश पुलिस में 4,543 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरण का कार्यक्रम ऐसे समय आयोजित किया गया, जब प्रदेश सरकार रोजगार और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता को लेकर अपनी उपलब्धियां सामने रख रही है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि युवाओं को उनकी योग्यता के आधार पर अवसर देना सरकार की नीति है। भर्ती प्रक्रिया में निष्पक्षता बनाए रखने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।
धनतेरस के दिन नियुक्ति पत्र मिलने से चयनित अभ्यर्थियों और उनके परिवारों में खुशी का माहौल रहा। अब इन युवाओं के सामने पुलिस सेवा में अपनी जिम्मेदारी निभाने और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने की चुनौती होगी।








