लखनऊ, 16 अक्टूबर 2025 (गुरुवार)। दीपावली से ठीक पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के लाखों विद्यार्थियों को बड़ा तोहफा दिया है। सरकार ने ₹126.68 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति जारी की है, जिससे करीब 4.83 लाख छात्रों के चेहरे पर रोशनी लौट आई है। यह राशि सीधे Direct Benefit Transfer (DBT) के माध्यम से छात्रों के खातों में भेजी जाएगी।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को लोक भवन ऑडिटोरियम, लखनऊ में आयोजित ‘Scholarship Distribution Ceremony’ में स्वयं डीबीटी के जरिए राशि ट्रांसफर करेंगे। यह आयोजन पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की ओर से किया जा रहा है।
सितंबर से ही शुरू हुआ छात्रवृत्ति वितरण, पारदर्शिता बनी पहचान
प्रदेश सरकार ने इस बार छात्रवृत्ति वितरण की प्रक्रिया को और तेज, पारदर्शी और डिजिटल बनाया है। पहली बार वित्तीय वर्ष 2025-26 में सितंबर माह से ही छात्रवृत्ति वितरण की शुरुआत कर दी गई थी।
पहले चरण में लगभग ₹62.13 करोड़ जारी कर 2.5 लाख ओबीसी छात्रों को लाभ दिया गया, जबकि अब दूसरे चरण में ₹126.68 करोड़ की राशि 4.83 लाख छात्रों के खातों में पहुंचाई जा रही है।
राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेन्द्र कश्यप ने बताया कि “जब प्रदेश का युवा शिक्षित होगा, तभी ‘विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश शताब्दी संकल्प-2047’ को साकार किया जा सकेगा।” उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य है कि कोई भी प्रतिभाशाली छात्र आर्थिक तंगी के कारण शिक्षा से वंचित न रहे।
शिक्षा के बजट में रिकॉर्ड बढ़ोतरी, डिजिटल युग की ओर कदम
सरकार की पहल सिर्फ छात्रवृत्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके बजट में भी ऐतिहासिक बढ़ोतरी हुई है। वर्ष 2016-17 में पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग का बजट जहां ₹1295 करोड़ था, वहीं अब वित्तीय वर्ष 2025-26 में यह बढ़कर ₹3124.45 करोड़ हो गया है — यानी ढाई गुना से अधिक की वृद्धि।
केवल छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति योजनाओं का बजट भी ₹1092.36 करोड़ से बढ़कर ₹2825 करोड़ तक पहुंच गया है। सभी भुगतान अब पूरी तरह ऑनलाइन और आधार-संलग्न बैंक खातों के माध्यम से किए जा रहे हैं, जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता और त्वरितता दोनों सुनिश्चित हुई हैं।
शिक्षा से आत्मनिर्भरता की ओर: योजनाओं का व्यापक विस्तार
राज्य सरकार का स्पष्ट संदेश है — शिक्षा ही सशक्त समाज की नींव है। इसी दिशा में विभागीय योजनाओं का बजट भी उल्लेखनीय रूप से बढ़ाया गया है:
| योजना का नाम | बजट (2016-17) | बजट (2025-26) |
|---|---|---|
| पूर्वदशम छात्रवृत्ति | ₹107.33 करोड़ | ₹325 करोड़ |
| दशमोत्तर छात्रवृत्ति / शुल्क प्रतिपूर्ति | ₹984.62 करोड़ | ₹2500 करोड़ |
| शादी अनुदान | ₹141.55 करोड़ | ₹200 करोड़ |
| कंप्यूटर प्रशिक्षण | ₹11 करोड़ | ₹35 करोड़ |
| छात्रावास अनुरक्षण | ₹0 | ₹5 करोड़ |
| योजनाओं का प्रचार | ₹0 | ₹1 करोड़ |
मुख्यमंत्री योगी का संकल्प: हर युवा के सपनों को मिलेगा पंख
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि युवा ही प्रदेश की सबसे बड़ी शक्ति हैं, और सरकार की हर योजना का लक्ष्य उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। ‘Scholarship Distribution’ जैसे कार्यक्रम न केवल शिक्षा को बढ़ावा देते हैं, बल्कि समाज में समान अवसरों का रास्ता भी खोलते हैं।
दीपावली से पहले इस कदम ने लाखों घरों में खुशियों की लौ जला दी है। यूपी सरकार की यह पहल उन विद्यार्थियों के लिए नई उम्मीद लेकर आई है, जिनके सपने अब रोके नहीं, साकार होंगे।








