राष्ट्रीय उत्तर प्रदेश राज्य अंतरराष्ट्रीय खेल मनोरंजन एजुकेशन बिजनेस राशिफल

---Advertisement---

प्रधानमंत्री सूर्य सरोवर योजना को मंजूरी, जलाशयों पर लगेंगे 5,000 मेगावाट फ्लोटिंग सोलर प्लांट; केंद्र देगा 5,070 करोड़ रुपये

On: July 31, 2026
Follow Us:
प्रधानमंत्री सूर्य सरोवर योजना को मंजूरी, जलाशयों पर लगेंगे 5,000 मेगावाट फ्लोटिंग सोलर प्लांट
---Advertisement---

नई दिल्ली/31 जुलाई 2026: देश में स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को नई रफ्तार देने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री सूर्य सरोवर योजना को मंजूरी दे दी है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत देशभर के जलाशयों, बांधों और अन्य जल निकायों पर 5,000 मेगावाट क्षमता की फ्लोटिंग सोलर फोटोवोल्टिक (पीवी) परियोजनाएं विकसित की जाएंगी। सरकार का मानना है कि इससे न केवल हरित ऊर्जा उत्पादन बढ़ेगा, बल्कि भूमि की कमी जैसी चुनौती का भी प्रभावी समाधान मिलेगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इस योजना को स्वीकृति दी गई। योजना के लिए 5,070 करोड़ रुपये का कुल परिव्यय निर्धारित किया गया है। इसके तहत प्रत्येक मेगावाट परियोजना पर एक करोड़ रुपये तक की केंद्रीय वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, जबकि शेष निवेश निजी क्षेत्र के माध्यम से आएगा।

28,500 करोड़ रुपये के निवेश और ऊर्जा भंडारण पर रहेगा जोर

सरकार के अनुसार प्रधानमंत्री सूर्य सरोवर योजना के क्रियान्वयन से देश में कुल करीब 28,500 करोड़ रुपये के निवेश की संभावना है। योजना की एक प्रमुख विशेषता यह भी है कि प्रत्येक फ्लोटिंग सोलर परियोजना के साथ कम से कम दो घंटे की ऊर्जा भंडारण प्रणाली (Energy Storage System) जोड़ी जाएगी।

इन परियोजनाओं की संयुक्त ऊर्जा भंडारण क्षमता 10,000 मेगावाट-घंटे (MWh) होगी। इससे बिजली की पीक डिमांड के दौरान राज्यों को ऊर्जा आपूर्ति का बेहतर प्रबंधन करने में मदद मिलेगी और ग्रिड की स्थिरता भी मजबूत होगी।

जलाशयों का बेहतर उपयोग, राज्यों को मिलेगा बड़ा फायदा

यह योजना विशेष रूप से उन राज्यों के लिए लाभकारी मानी जा रही है, जहां बड़े जलाशय, बांध और जल संग्रहण संरचनाएं पर्याप्त संख्या में मौजूद हैं। जल की सतह पर सोलर प्लांट स्थापित होने से अतिरिक्त भूमि अधिग्रहण की आवश्यकता कम होगी और जल संसाधनों का अधिक प्रभावी उपयोग संभव हो सकेगा।

नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार, वर्तमान में देश में फ्लोटिंग सोलर परियोजनाओं की स्थापित क्षमता करीब 700 मेगावाट है, जबकि इसकी संभावित क्षमता 102 गीगावाट तक आंकी गई है। ऐसे में यह योजना इस क्षेत्र में निवेश और विकास को नई गति देने का माध्यम बनेगी।

2030-31 तक परियोजनाओं को मिलेगी मंजूरी, हजारों रोजगार भी सृजित होंगे

सरकार के अनुसार परियोजनाओं को वित्त वर्ष 2026-27 से 2030-31 के बीच मंजूरी दी जाएगी, जबकि केंद्रीय वित्तीय सहायता वित्त वर्ष 2032-33 तक जारी रहेगी।

इस पहल से हर वर्ष करीब एक करोड़ टन कार्बन उत्सर्जन में कमी आने का अनुमान है। साथ ही निर्माण, संचालन और रखरखाव से जुड़े कार्यों के कारण 16,000 से 17,000 प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि प्रधानमंत्री सूर्य सरोवर योजना भारत के नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य को मजबूत करने के साथ-साथ ऊर्जा सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

पीलीभीत में बोले CM योगी

पीलीभीत में बोले CM योगी: ‘तुष्टिकरण से देश में आतंकवाद बढ़ा, अब संतुष्टीकरण से आ रहा रामराज्य’

पुणे को मिली मेट्रो की नई सौगात, पीएम मोदी बोले- पुरानी सरकार होती

पुणे को मिली मेट्रो की नई सौगात, पीएम मोदी बोले- पुरानी सरकार होती तो कई दशक और करना पड़ता इंतजार

दिल्ली डिफेंस डायलॉग 2026, नौसेना प्रमुख बोले- भारत के लिए आत्मनिर्भरता रणनीतिक जरूरत

दिल्ली डिफेंस डायलॉग 2026: नौसेना प्रमुख बोले- भारत के लिए आत्मनिर्भरता रणनीतिक जरूरत, 2047 तक नौसेना को बनाना है पूरी तरह सक्षम

आंध्र प्रदेश के तट से टकराया चक्रवात मुरासु, 9 ट्रेनें और 30 से अधिक उड़ानें रद्द

आंध्र प्रदेश के तट से टकराया चक्रवात मुरासु, 9 ट्रेनें और 30 से अधिक उड़ानें रद्द; कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी, पति-पत्नी का झगड़ा गर्भपात का आधार नहीं

सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पणी: पति-पत्नी का झगड़ा गर्भपात का आधार नहीं, अजन्मे बच्चे पर पिता का भी अधिकार

गोंडा में विकास योजनाओं का लाभ पाकर खिले लाभार्थियों के चेहरे

गोंडा में विकास योजनाओं का लाभ पाकर खिले लाभार्थियों के चेहरे, सीएम योगी ने मंच पर बुलाकर किया सम्मानित