सिद्धार्थनगर/09 अगस्त 2026। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को सिद्धार्थनगर में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों दल समाज को जाति के नाम पर बांटने की राजनीति कर रहे हैं, जबकि उनके एजेंडे में विकास नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में देश के साथ उत्तर प्रदेश के पिछड़े जिलों में भी विकास की रफ्तार तेज हुई है।
मुख्यमंत्री ने सिद्धार्थनगर में 311 करोड़ रुपये से अधिक की 107 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने जिले के विकास की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि पिछले 8-9 वर्षों में हुए प्रयासों का असर अब जमीन पर दिखाई दे रहा है।
सीएम योगी आदित्यनाथ बोले- सिद्धार्थनगर ने विकास की दौड़ में लगाई छलांग
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के 112 आकांक्षी जिलों में विकास को लेकर लगातार काम किया गया है। उन्होंने कहा कि सिद्धार्थनगर ने इस दिशा में उल्लेखनीय प्रगति की है और नीति आयोग की ओर से 25 करोड़ रुपये का पुरस्कार भी प्राप्त किया है।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, सिद्धार्थनगर अब केवल आकांक्षी जिले की पहचान तक सीमित नहीं है, बल्कि विकास के पैमाने पर तेजी से आगे बढ़ने वाले जिलों में अपनी जगह बना रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य विकास योजनाओं का लाभ अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना है। सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार और अन्य बुनियादी सुविधाओं में सुधार से जिले की तस्वीर बदल रही है।
कांग्रेस पर शिक्षा और रोजगार के मुद्दे पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर शिक्षा, कौशल विकास, रोजगार और उद्यमिता के क्षेत्र में देश के साथ कथित तौर पर धोखा करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने करीब 55-60 वर्षों तक देश पर शासन किया, लेकिन इन क्षेत्रों के लिए कोई प्रभावी विजन तैयार नहीं किया।
उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को केवल डिग्री नहीं, बल्कि बेहतर शिक्षा के साथ कौशल प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर चाहिए। इसके साथ युवाओं को उद्यमिता के रास्ते भी उपलब्ध कराने की जरूरत है।
योगी ने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों में देशभर में 17 करोड़ लोगों को रोजगार मिला है। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले कौशल विकास के लिए व्यवस्थित व्यवस्था का अभाव था, जबकि अब उत्तर प्रदेश समेत पूरे देश में 17,000 कौशल विकास केंद्र संचालित हो रहे हैं।
ITI, IIT और IIM की संख्या बढ़ने का किया दावा
मुख्यमंत्री ने शिक्षा और तकनीकी संस्थानों के विस्तार का आंकड़ा भी सामने रखा। उन्होंने कहा कि देश में 15,000 से अधिक ITI हैं। वहीं IIT की संख्या 16 से बढ़कर 23 और IIM की संख्या 13 से बढ़कर 22 हो गई है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि शिक्षा के साथ स्वास्थ्य क्षेत्र में भी बड़े स्तर पर बदलाव हुए हैं। उनके मुताबिक, 2014 में देश में 431 मेडिकल कॉलेज थे, जिनकी संख्या 2025 तक बढ़कर 818 हो गई।
उन्होंने AIIMS का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस के शासन में एक AIIMS और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल में छह AIIMS स्थापित हुए थे, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इनकी कुल संख्या 23 तक पहुंच गई है।
मेडिकल शिक्षा में बढ़ीं MBBS की सीटें
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2014 से पहले देश में कुल 51,348 MBBS सीटें थीं। अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 1,28,926 युवा MBBS पाठ्यक्रम में दाखिला ले रहे हैं।
उन्होंने कहा कि मेडिकल शिक्षा के विस्तार से युवाओं के लिए अवसर बढ़े हैं और इसका असर देश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी पड़ेगा।
सपा पर हमला- ‘इनके एजेंडे में विकास नहीं’
सिद्धार्थनगर में अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा के एजेंडे में विकास नहीं है और विकास कार्यों में भी बाधा खड़ी करने की कोशिश की जाती है।
योगी ने कहा कि उनकी सरकार 59 हजार करोड़ रुपये से अधिक का अनुपूरक बजट लेकर आई थी, लेकिन विपक्ष ने उसमें रोड़े अटकाने का काम किया।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर समाज को जाति के नाम पर बांटने का आरोप लगाते हुए कहा कि दोनों दलों के नेता इस तरह की राजनीति कर समाज के भीतर विभाजन पैदा करने का प्रयास कर रहे हैं।
सिद्धार्थनगर में विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के साथ मुख्यमंत्री का पूरा संबोधन विकास बनाम जातीय राजनीति के मुद्दे के इर्द-गिर्द रहा। उन्होंने सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए विपक्ष पर विकास के बजाय विभाजन की राजनीति करने का आरोप लगाया।











