राष्ट्रीय उत्तर प्रदेश राज्य अंतरराष्ट्रीय खेल मनोरंजन एजुकेशन बिजनेस राशिफल

---Advertisement---

Delhi Blast: ‘दोषियों को छोड़ेंगे नहीं…’, लाल किले के पास हुए धमाके पर राजनाथ सिंह की सख्त चेतावनी

On: November 11, 2025
Follow Us:
Delhi Blast: लाल किले के पास हुए धमाके पर राजनाथ सिंह की सख्त चेतावनी
---Advertisement---

नई दिल्ली, 11 नवंबर 2025 (विशेष संवाददाता)। लाल किले के सामने हुए Delhi Blast ने राजधानी को हिला कर रख दिया है। मंगलवार को हुए इस धमाके में 9 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई घायल अस्पतालों में भर्ती हैं। जांच एजेंसियों ने इसे आतंकी हमला (terror attack) घोषित किया है। पूरे दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।
इस बीच, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि “दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।”

लाल किले के सामने कार में हुआ धमाका, दिल्ली हाई अलर्ट पर

सोमवार देर रात करीब 11 बजे लाल किले मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर 1 के पास एक कार में जोरदार विस्फोट हुआ। धमाके की आवाज़ कई किलोमीटर तक सुनी गई, जिससे आसपास के इलाकों में अफरा-तफरी (panic) मच गई।
पुलिस और एनएसजी (National Security Guard) की टीमें तुरंत मौके पर पहुँचीं और इलाके को घेर लिया।

दिल्ली पुलिस ने पुष्टि की है कि यह धमाका “आतंकी हमला” था, जिसे एक आईईडी (Improvised Explosive Device) के ज़रिए अंजाम दिया गया।
फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से कई संदिग्ध मेटल पार्ट्स, वायरिंग और रिमोट ट्रिगर बरामद किए हैं।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की सख्त चेतावनी

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने घटना की निंदा करते हुए साफ कहा कि सरकार इस हमले के पीछे जो भी लोग हैं, उन्हें किसी कीमत पर छोड़ने वाली नहीं।
उन्होंने कहा —

“यह धमाका देश की सुरक्षा पर हमला है। जांच एजेंसियां मामले की तह तक जाएंगी और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी। जो भी इस हमले में शामिल है, वह बच नहीं पाएगा।”

रक्षा मंत्री ने दिल्ली में आयोजित एक डिफेंस कॉन्क्लेव (Defence Conclave) के दौरान मृतकों के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित की और कहा —

“मैं उन परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं जिन्होंने इस हमले में अपने प्रियजनों को खो दिया। मैं भगवान से प्रार्थना करता हूं कि पीड़ित परिवारों को इस कठिन समय में शक्ति मिले।”

जांच एजेंसियों की सक्रियता: NIA या स्पेशल सेल को मिल सकता है केस

दिल्ली पुलिस और इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) ने घटना के तुरंत बाद जॉइंट इन्वेस्टिगेशन टीम (JIT) बनाई है।
सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, सरकार इस बात पर विचार कर रही है कि जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को सौंपी जाए या दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को।
आज शाम तक इस पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है।

फिलहाल एनएसजी और फॉरेंसिक विभाग ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट गृह मंत्रालय को सौंप दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि धमाके में उच्च तीव्रता वाले विस्फोटक (high-intensity explosives) का इस्तेमाल हुआ।

दिल्ली में सुरक्षा कड़ी, पुलिस चौकियों पर सर्च ऑपरेशन तेज

दिल्ली पुलिस ने पूरे शहर में चेकिंग ड्राइव (checking drive) तेज कर दी है।
विशेष रूप से पुराने दिल्ली, चांदनी चौक, जामा मस्जिद, लाल किला, इंडिया गेट और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के आसपास पुलिस गश्त (patrolling) बढ़ा दी गई है।
मेट्रो और बस स्टेशनों पर भी सुरक्षा बढ़ाई गई है।

पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और आस-पास के वाहनों की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, धमाके वाली कार हरियाणा नंबर की थी, जो कुछ दिनों पहले ही दिल्ली में दाखिल हुई थी।

आतंकी साजिश की आशंका, पड़ोसी राज्यों में भी अलर्ट

खुफिया एजेंसियों ने यह भी संकेत दिए हैं कि धमाका किसी संगठित आतंकी नेटवर्क की ओर इशारा कर सकता है।
दिल्ली के अलावा उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब पुलिस को भी सतर्क रहने के निर्देश जारी किए गए हैं।
इसके साथ ही भारत-म्यांमार और नेपाल सीमा पर भी सतर्कता बढ़ा दी गई है, ताकि संदिग्धों के भागने की संभावना को रोका जा सके।

जनता से अपील: अफवाहों पर ध्यान न दें

दिल्ली पुलिस आयुक्त ने नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों से बचें।
उन्होंने कहा,

“हम जांच के हर बिंदु पर काम कर रहे हैं। जनता से अपील है कि अफवाह न फैलाएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत 112 नंबर पर दें।”

निष्कर्ष: आतंक पर सरकार का सख्त रुख

Delhi Blast ने देश की राजधानी में एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं, लेकिन केंद्र सरकार का रुख स्पष्ट है — आतंकवाद पर कोई समझौता नहीं।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का बयान इस बात की पुष्टि करता है कि भारत सरकार इस हमले को एक चुनौती के रूप में देख रही है, और आने वाले दिनों में दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई तय है।

देश के सुरक्षा तंत्र के लिए यह समय न सिर्फ चौकसी का है, बल्कि आतंक के खिलाफ एकजुटता का भी।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now