लखनऊ/22 अगस्त 2026: लखनऊ में 23 अगस्त को रसोइया सम्मान समारोह का आयोजन किया जाएगा। पीएम पोषण योजना के तहत स्कूलों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले रसोइयों को सम्मानित करने के लिए होने वाले इस राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंच पर 11 रसोइयों को सम्मानित करेंगे। कार्यक्रम में प्रदेशभर से करीब 1,500 रसोइयों की सहभागिता रहेगी।
यह आयोजन सिर्फ सम्मान तक सीमित नहीं रहेगा। रसोइयों को कैशलेस चिकित्सा कार्ड समेत स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़ी सुविधाएं देने की भी व्यवस्था की जा रही है। जिला और तहसील स्तर पर भी इसी दिन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
रसोइया सम्मान समारोह में 11 रसोइयों को मिलेगा सम्मान
राज्य स्तरीय रसोइया सम्मान समारोह इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान, लखनऊ के जुपिटर सभागार में प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने हाथों से 11 रसोइयों को मंच पर सम्मानित करेंगे।
कार्यक्रम में राजकीय, परिषदीय और अशासकीय सहायता प्राप्त प्राथमिक, उच्च प्राथमिक तथा कंपोजिट विद्यालयों में पीएम पोषण योजना के तहत काम करने वाले रसोइयों की सहभागिता सुनिश्चित की गई है।
इन रसोइयों की भूमिका स्कूलों में अक्सर पर्दे के पीछे रहती है। सुबह से बच्चों के लिए भोजन तैयार करने से लेकर साफ-सफाई और भोजन वितरण तक की जिम्मेदारी वे निभाते हैं। ऐसे में सरकार का यह आयोजन उनके श्रम को सार्वजनिक पहचान देने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
जिला और तहसील स्तर पर भी होंगे कार्यक्रम
लखनऊ में होने वाले मुख्य समारोह के साथ ही 23 अगस्त को प्रदेश के सभी जिलों और तहसील स्तर पर भी रसोइया सम्मान समारोह आयोजित किए जाएंगे।
इन कार्यक्रमों में सांसद, मंत्री, विधायक, जिला पंचायत अध्यक्ष और अन्य जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन को उपलब्ध सभागारों का उपयोग करते हुए रसोइयों के सम्मान और कार्यक्रम की व्यवस्थाएं पूरी करने को कहा गया है।
इस तरह एक ही दिन प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में रसोइयों के सम्मान का संदेश पहुंचाने की तैयारी है।
कैशलेस चिकित्सा कार्ड के साथ सुरक्षा पर भी जोर
सरकार ने रसोइयों के सम्मान के साथ उनकी सुविधाओं और सुरक्षा पर भी ध्यान दिया है। कार्यक्रम में उन्हें कैशलेस चिकित्सा कार्ड उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जा रही है।
इसके अलावा बैंक और यूपीआई क्यूआर कोड से संबंधित व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की जाएंगी। विद्यालयों में भोजन बनाते समय स्वच्छता और सुरक्षा के लिए रसोइयों को हेड कवर, ग्लव्स और एप्रन किट उपलब्ध कराने की तैयारी है।
यानी सम्मान का यह कार्यक्रम केवल मंच पर प्रशस्ति तक सीमित नहीं है। रोजमर्रा के काम में रसोइयों को बेहतर सुविधा और सुरक्षित माहौल देने पर भी जोर दिया जा रहा है।
पीएम पोषण योजना की उपलब्धियां भी दिखाई जाएंगी
राज्य स्तरीय कार्यक्रम में पीएम पोषण योजना की उपलब्धियों और रसोइयों के योगदान पर आधारित एक लघु फिल्म भी दिखाई जाएगी। योजना से जुड़ी उपलब्धियों को बुकलेट, पोस्टर और फ्लेक्स के जरिए भी प्रदर्शित किया जाएगा।
इसका उद्देश्य बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य के लिए चल रही योजना के साथ उन लोगों की भूमिका को सामने लाना है, जो इसे विद्यालयों में रोजाना जमीन पर लागू करते हैं।
अधिकारियों को समय पर तैयारी पूरी करने के निर्देश
महानिदेशक, स्कूल शिक्षा एवं राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी के निर्देश पर संबंधित अधिकारियों को कार्यक्रम की तैयारियां समयबद्ध तरीके से पूरी करने को कहा गया है। आवागमन, आमंत्रण, स्वागत, जलपान और भोजन जैसी व्यवस्थाओं के लिए भी अधिकारियों को जिम्मेदारियां दी गई हैं।
बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने कहा कि पीएम पोषण के रसोइए बच्चों के पोषण और स्वस्थ भविष्य की आधारशिला हैं। उन्होंने कहा कि सरकार उनके सम्मान, सुविधा और सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
बच्चों की थाली से जुड़े हाथों को सम्मान
स्कूल की रसोई में तैयार होने वाला भोजन बच्चों के लिए केवल एक थाली नहीं है। यह उनके पोषण और विद्यालयी जीवन का अहम हिस्सा है। उस भोजन को तैयार करने वाले रसोइयों का काम भी इसी व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी है।
23 अगस्त का आयोजन इसी भूमिका को पहचान देने की कोशिश है। अब देखना होगा कि सम्मान के साथ दी जाने वाली सुविधाएं रसोइयों के रोजमर्रा के कामकाज में कितना व्यावहारिक बदलाव लाती हैं।










