नई दिल्ली/31 अक्टूबर 2026: भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत की मैदान पर वापसी का इंतजार कर रहे प्रशंसकों को अभी थोड़ा और इंतजार करना पड़ सकता है। चोट से उबर रहे पंत ने भले ही दोबारा स्किल ट्रेनिंग शुरू कर दी है और फिलहाल उन्हें किसी तरह का दर्द भी नहीं है, लेकिन टीम प्रबंधन कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं है। इसी वजह से उन्हें न्यूजीलैंड-ए के खिलाफ होने वाले तीसरे अनौपचारिक टेस्ट मैच के लिए भारत-ए टीम से बाहर रखा गया है।
पंत की फिटनेस में सुधार जरूर हुआ है, लेकिन प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में उनकी वापसी की तारीख अभी तय नहीं की गई है। मेडिकल और सपोर्ट स्टाफ उनकी रिकवरी पर लगातार नजर रखे हुए है। अब उनकी वापसी का फैसला अभ्यास सत्रों में प्रदर्शन और शारीरिक क्षमता के आकलन के बाद ही होगा।
7 नवंबर से शुरू होगा भारत-ए और न्यूजीलैंड-ए का मुकाबला
भारत-ए और न्यूजीलैंड-ए के बीच तीसरा चार दिवसीय अनौपचारिक टेस्ट मुकाबला 7 नवंबर से खेला जाएगा। इस मैच में ऋषभ पंत हिस्सा नहीं लेंगे। हालांकि, राहत की बात यह है कि उन्होंने चोट से उबरने के बाद बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग से जुड़ी स्किल ट्रेनिंग दोबारा शुरू कर दी है।
भारत और न्यूजीलैंड के बीच पहला टेस्ट मुकाबला 19 नवंबर से शुरू होना है। ऐसे में पंत की फिटनेस भारतीय टीम के लिए अहम मुद्दा बन गई है। टीम प्रबंधन के सामने सवाल है कि क्या पंत को सीधे पहले टेस्ट में मैदान पर उतारा जाएगा या फिर लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहे विकेटकीपर-बल्लेबाज ध्रुव जुरैल को मौका दिया जाएगा।
न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में ढलने के लिहाज से भी यह फैसला महत्वपूर्ण होगा। पंत को तीसरे अनौपचारिक टेस्ट में खेलने का मौका मिलता तो उन्हें मैच अभ्यास के साथ स्थानीय परिस्थितियों को समझने का अवसर मिल सकता था। अब टीम प्रबंधन को उनकी फिटनेस और उपलब्ध विकल्पों को ध्यान में रखकर फैसला करना होगा।
ईरानी कप के दौरान चोटिल हुए थे ऋषभ पंत
ऋषभ पंत पिछले दिनों जम्मू में खेले गए ईरानी कप के खिताबी मुकाबले के दौरान चोटिल हो गए थे। इसके बाद से ही उनकी फिटनेस पर नजर रखी जा रही है। चोट के कारण उन्हें क्रिकेट से दूरी बनानी पड़ी, लेकिन अब उनकी रिकवरी सही दिशा में आगे बढ़ रही है।
फिलहाल पंत को किसी तरह का दर्द महसूस नहीं हो रहा है और चोट से संबंधित क्लीनिकल लक्षण भी सामने नहीं आए हैं। उन्होंने अभ्यास शुरू कर दिया है, लेकिन फिट महसूस करना और प्रतिस्पर्धी मुकाबले के लिए पूरी तरह तैयार होना दोनों अलग-अलग बातें हैं। यही वजह है कि मेडिकल टीम उनकी वापसी को लेकर सावधानी बरत रही है।
वापसी से पहले पूरे करने होंगे 3 से 4 स्किल ट्रेनिंग सेशन
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, ऋषभ पंत को प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी से पहले तीन से चार स्किल ट्रेनिंग सत्र पूरे करने होंगे। इन सत्रों में उनकी शारीरिक क्षमता के साथ बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग की तैयारियों का भी आकलन किया जाएगा।
इन अभ्यास सत्रों के दौरान मेडिकल और सपोर्ट स्टाफ यह देखेगा कि पंत लगातार अभ्यास करने के बाद कैसा महसूस कर रहे हैं। उनकी फिटनेस में किसी तरह की परेशानी या चोट से जुड़े लक्षण दोबारा सामने तो नहीं आ रहे हैं, इस पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
तीन से चार अभ्यास सत्र पूरे होने के बाद ही उनके रिटर्न टू प्ले (RTP) यानी प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी की समय-सीमा स्पष्ट हो सकेगी।
पंत की वापसी पर टीम प्रबंधन नहीं लेना चाहता जोखिम
भारतीय टीम प्रबंधन और मेडिकल स्टाफ ऋषभ पंत की वापसी में जल्दबाजी नहीं करना चाहते। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि पूरी तरह फिट हुए बिना मैदान पर उतरने से चोट दोबारा उभरने का खतरा हो सकता है।
19 नवंबर से शुरू होने वाली भारत-न्यूजीलैंड टेस्ट सीरीज से पहले पंत की फिटनेस पर सभी की नजरें रहेंगी। वहीं, ध्रुव जुरैल का लगातार अच्छा प्रदर्शन विकेटकीपर के चयन को और दिलचस्प बना रहा है।
फिलहाल पंत की रिकवरी सकारात्मक है, लेकिन अंतिम फैसला अभ्यास सत्रों के नतीजों और मेडिकल टीम की मंजूरी के बाद ही लिया जाएगा। भारतीय प्रशंसकों को अब इंतजार है कि स्टार विकेटकीपर कब पूरी तरह फिट होकर मैदान पर वापसी करते हैं।













