लखनऊ/18 अगस्त 2026। उत्तर प्रदेश में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। पूर्वी यूपी के कई जिलों में मंगलवार को हुई झमाझम बारिश के बाद मौसम विभाग ने बुधवार और गुरुवार को भी कई इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। यूपी मौसम को लेकर जारी पूर्वानुमान के मुताबिक, प्रतापगढ़, प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर समेत कई जिलों में अगले दो दिन मौसम बेहद सक्रिय रह सकता है।
वहीं राजधानी लखनऊ में फिलहाल लगातार हो रही बारिश से कुछ राहत मिलने के संकेत हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अगले तीन दिनों के दौरान लखनऊ में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी और कुछ स्थानों पर छिटपुट बारिश हो सकती है। हालांकि सप्ताह के दूसरे हिस्से में बारिश फिर जोर पकड़ सकती है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग के लखनऊ केंद्र की ओर से जिलेवार पूर्वानुमान और चेतावनियां जारी की जाती हैं।
यूपी मौसम: इन जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार बुधवार और गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। प्रभावित जिलों में चित्रकूट, प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, कौशांबी, चंदौली, संत रविदास नगर, बांदा, फतेहपुर, वाराणसी, प्रतापगढ़, जौनपुर और गाजीपुर शामिल हैं।
इसके अलावा पश्चिमी और मध्य यूपी के सहारनपुर, आगरा, फिरोजाबाद, इटावा, औरैया, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, जालौन, हमीरपुर और महोबा समेत आसपास के क्षेत्रों में भी भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
पूर्वी यूपी में बारिश का असर अपेक्षाकृत ज्यादा रहने की उम्मीद है। ऐसे में निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित होने जैसी स्थिति बन सकती है।
25 अगस्त तक सक्रिय रह सकता है मानसून
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, प्रदेश में मानसून अगले एक सप्ताह तक सक्रिय रहने का अनुमान है। मध्य यूपी के साथ पूर्वी उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में अगले छह से सात दिनों के दौरान रुक-रुककर बारिश होने की संभावना है।
लखनऊ में बुधवार और गुरुवार को बारिश की गतिविधि अपेक्षाकृत कम रह सकती है, लेकिन बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। सप्ताहांत यानी शनिवार और रविवार को राजधानी में फिर अच्छी बारिश के संकेत हैं।
इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा भी हो सकती है। यानी फिलहाल मानसून से पूरी तरह राहत मिलने की उम्मीद नहीं है।
प्रयागराज में सीजन की सबसे ज्यादा बारिश
बारिश के ताजा दौर में प्रयागराज सबसे अधिक प्रभावित जिलों में रहा। मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार को प्रयागराज में 192 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जो इस सीजन में अब तक की सर्वाधिक बारिश बताई गई है।
इसके अलावा बिजनौर में 162 मिमी, संभल में 150 मिमी, सोनभद्र में 123 मिमी, चित्रकूट में 92 मिमी और प्रतापगढ़ में 80 मिमी बारिश दर्ज की गई।
इन आंकड़ों से अंदाजा लगाया जा सकता है कि पूर्वी और कुछ मध्य जिलों में मानसूनी गतिविधि कितनी मजबूत रही है। लगातार बारिश के कारण स्थानीय नदियों, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों पर भी प्रशासन की नजर रखना जरूरी हो गया है।
लखनऊ में बारिश ने गिराया तापमान
राजधानी लखनऊ में पिछले कुछ दिनों से हो रही बारिश का सीधा असर तापमान पर पड़ा है। बादलों और बारिश के कारण दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से राहत मिली है।
हालांकि उपलब्ध आंकड़ों में लखनऊ के अधिकतम तापमान के संबंध में दिए गए 3.2 डिग्री सेल्सियस का आंकड़ा स्पष्ट रूप से असामान्य प्रतीत होता है। इसलिए प्रकाशन में इसे बिना आधिकारिक मौसम बुलेटिन से मिलान किए तथ्य के रूप में प्रकाशित करना उचित नहीं होगा। मौसम संबंधी आधिकारिक आंकड़ों की अंतिम पुष्टि IMD लखनऊ के दैनिक रिपोर्ट से करना बेहतर रहेगा।
पूर्वी यूपी में ज्यादा असर
मानसून की सक्रियता का सबसे ज्यादा असर पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में दिखाई दे रहा है। प्रयागराज, सोनभद्र, मिर्जापुर, चित्रकूट और प्रतापगढ़ में हुई भारी बारिश इसका संकेत है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक बादल और नमी की स्थिति बनी रहने से अलग-अलग इलाकों में बारिश का दौर चलता रह सकता है। ऐसे में लोगों को स्थानीय मौसम चेतावनी पर नजर रखने और तेज बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी जाती है।
राजधानी में भले ही फिलहाल बारिश कुछ धीमी पड़ने वाली हो, लेकिन पूरे प्रदेश के लिहाज से यूपी मौसम अभी शांत नहीं हुआ है। अगले कई दिन पूर्वी जिलों के लिए खासे महत्वपूर्ण रहने वाले हैं।









