लखनऊ, 19 फरवरी 2026 (गुरुवार): उत्तर प्रदेश में जमीन-जायदाद की रजिस्ट्री को लेकर आम लोगों को लंबे समय से जिस सुविधा का इंतजार था, वह अब हकीकत बनने जा रही है। प्रदेश सरकार ने पंजीकरण व्यवस्था में बड़ा बदलाव करते हुए UP Sunday Registry की व्यवस्था लागू कर दी है। अब उन तहसीलों में रविवार को भी रजिस्ट्री कराई जा सकेगी, जहां एक से अधिक उपनिबंधक (Sub-Registrar) कार्यालय संचालित हैं।
स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग की महानिरीक्षक नेहा शर्मा की ओर से इस संबंध में शासनादेश जारी कर दिया गया है। नए आदेश के तहत ऐसे सभी तहसीलों में रोस्टर प्रणाली लागू होगी, जिससे प्रत्येक सप्ताह कम से कम एक उपनिबंधक कार्यालय रविवार को खुला रहेगा।
नौकरीपेशा और बाहर से आने वालों के लिए राहत
दरअसल, UP Sunday Registry का यह फैसला उन हजारों लोगों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, जिन्हें रजिस्ट्री के लिए कार्यदिवसों में अवकाश लेना पड़ता था। प्रदेश के कई जिलों में लोग दूसरे शहरों या राज्यों से संपत्ति क्रय-विक्रय के लिए आते हैं, लेकिन रविवार को अवकाश होने के कारण उन्हें अतिरिक्त छुट्टी लेनी पड़ती थी या प्रक्रिया टालनी पड़ती थी।
आधार की अनिवार्यता लागू होने के बाद रजिस्ट्री प्रक्रिया में पारदर्शिता तो बढ़ी, लेकिन समय की सीमाएं लोगों के लिए चुनौती बनी हुई थीं। ऐसे में कार्यालय समय में लचीलापन लाने की मांग लगातार उठ रही थी, जिस पर अब विभाग ने अमल किया है।
बदले समय के अनुसार नया शेड्यूल
लखनऊ के सहायक आयुक्त (स्टांप) द्वितीय रमेश कुमार के अनुसार, सदर तहसील में जहां पांच उपनिबंधक कार्यालय संचालित हैं, वहां एक कार्यालय दोपहर 1 बजे से रात 8 बजे तक खुला रहेगा। इस दौरान रजिस्ट्री के लिए ऑनलाइन अपॉइंटमेंट दोपहर 1 बजे से शाम 7 बजे तक लिया जा सकेगा।
अन्य उपनिबंधक कार्यालयों में पूर्ववत समय — सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक — कामकाज जारी रहेगा। इसके साथ ही रोस्टर के अनुसार हर सप्ताह किसी एक उपनिबंधक कार्यालय को रविवार को भी सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक खोला जाएगा। जिस कार्यालय को रविवार को खोला जाएगा, उसे अगले शनिवार को अवकाश दिया जाएगा।
किन तहसीलों में लागू होगी UP Sunday Registry
लखनऊ की सदर, सरोजनीनगर और मोहनलालगंज तहसीलों में एक से अधिक उपनिबंधक कार्यालय होने के कारण यहां UP Sunday Registry व्यवस्था लागू होगी। हालांकि, बख्शी का तालाब और मलिहाबाद जैसी तहसीलों में फिलहाल एक ही उपनिबंधक कार्यालय संचालित होने के चलते पुरानी व्यवस्था ही लागू रहेगी।
पारदर्शी और सुगम सेवाओं की दिशा में कदम
विभिन्न विभागों की विकास परियोजनाओं के अंतर्गत भी बड़ी संख्या में भूमि क्रय की प्रक्रियाएं की जाती हैं। कई बार संबंधित अधिकारी शाम के बाद ही उपनिबंधक कार्यालय पहुंच पाते हैं। ऐसे में समय विस्तार और रविवार को सेवा उपलब्ध कराना प्रशासनिक और आम नागरिक — दोनों के लिए सुविधाजनक साबित होगा।
UP Sunday Registry को पंजीकरण सेवाओं को अधिक पारदर्शी, समयबद्ध और जनसुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण सुधार के रूप में देखा जा रहा है।











