नई दिल्ली/15 अगस्त 2026: देश आज 80वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं और आजादी की लड़ाई में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर सेनानियों को श्रद्धापूर्वक नमन किया। प्रधानमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम के सेनानियों के साहस, त्याग और मातृभूमि के प्रति उनके समर्पण को याद करते हुए कहा कि उनके सपने आज भी देश को आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।
80वें स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी का संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संदेश में कहा कि देश उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों का सदैव ऋणी रहेगा, जिन्होंने औपनिवेशिक शासन के खिलाफ संघर्ष करते हुए अपना जीवन देश के नाम कर दिया। उनके लिए आजादी महज एक राजनीतिक लक्ष्य नहीं थी, बल्कि भारत की गरिमा और आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य का सपना भी थी।
पीएम मोदी ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के साहस, बलिदान और अडिग प्रतिबद्धता ने देश को गुलामी की बेड़ियों से मुक्त कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आजादी के इस पर्व पर उन महान सपूतों को याद करना केवल परंपरा नहीं, बल्कि उनके दिखाए रास्ते पर आगे बढ़ने का संकल्प लेने का अवसर भी है।
बलिदानों से मिली आजादी, अब जिम्मेदारी निभाने का समय
स्वतंत्रता दिवस का उत्सव हर भारतीय के लिए गौरव का क्षण है। तिरंगे के नीचे खड़े होकर जब देश अपने स्वतंत्रता सेनानियों को याद करता है, तो इतिहास के वे संघर्ष भी सामने आते हैं जिनकी कीमत अनगिनत लोगों ने अपने जीवन और युवावस्था से चुकाई थी।
प्रधानमंत्री ने देशवासियों से स्वतंत्रता सेनानियों के आदर्शों से प्रेरणा लेने और राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का आह्वान किया। उनका संदेश साफ है—आजादी की विरासत को केवल याद करना पर्याप्त नहीं, बल्कि उसे मजबूत बनाना भी वर्तमान पीढ़ी की जिम्मेदारी है।
विकसित भारत के संकल्प पर पीएम मोदी का जोर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संदेश में विकसित भारत के संकल्प को भी प्रमुखता से रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि देशवासियों की सामूहिक शक्ति के बल पर भारत विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति की नई ऊंचाइयां छू रहा है और आने वाले समय में विकास की इस यात्रा को और गति देने की जरूरत है।
विकसित भारत का लक्ष्य केवल आर्थिक प्रगति तक सीमित नहीं है। इसमें देश की क्षमता, आत्मविश्वास, अवसरों और नागरिकों की भागीदारी को आगे बढ़ाने की व्यापक सोच जुड़ी है। यही वजह है कि स्वतंत्रता दिवस के मंच से प्रधानमंत्री ने राष्ट्रीय विकास को एक साझा संकल्प के रूप में सामने रखा।
प्रधानमंत्री ने देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व हमें उन वीर सेनानियों के अद्भुत साहस, अथक संघर्ष और मातृभूमि के प्रति अतुलनीय समर्पण की याद दिलाता है। उन्होंने नागरिकों से उनके आदर्शों को अपनाने और विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में योगदान देने की अपील की।
आजादी के 80वें वर्ष का यह अवसर इसलिए भी खास है कि एक पीढ़ी के बलिदान से मिली स्वतंत्रता की विरासत अब दूसरी पीढ़ी के कंधों पर है। इतिहास ने देश को आजादी दी, लेकिन भविष्य को बेहतर बनाने की जिम्मेदारी वर्तमान भारत की है।












