गंगटोक (रविवार, 8 नवंबर 2026)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सिक्किम के शेरेथांग स्थित युद्ध स्मारक पहुंचकर देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शहीद जवानों के अदम्य साहस, वीरता और कर्तव्यनिष्ठा को नमन करते हुए कहा कि राष्ट्र उनके शौर्य का सदैव ऋणी रहेगा। इस दौरान रक्षा मंत्री ने सीमावर्ती क्षेत्र में तैनात सैन्यकर्मियों से मुलाकात कर उनके समर्पण की सराहना भी की।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शनिवार को सिक्किम के दौरे पर शेरेथांग पहुंचे थे। यहां उन्होंने युद्ध स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन सैनिकों को याद किया, जिन्होंने देश की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्योछावर कर दिए।
राजनाथ सिंह ने शेरेथांग युद्ध स्मारक पर दी श्रद्धांजलि
शेरेथांग युद्ध स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपना संदेश साझा किया। उन्होंने कहा कि देश की रक्षा में सैनिकों का सर्वोच्च बलिदान राष्ट्र की स्मृति में हमेशा अंकित रहेगा।
राजनाथ सिंह ने लिखा कि कर्तव्य पथ पर दिया गया वीर जवानों का बलिदान एक कृतज्ञ राष्ट्र कभी नहीं भूल सकता। उन्होंने शहीद सैनिकों के शौर्य को नमन करते हुए कहा कि देश उनके प्रति सदैव ऋणी रहेगा।
रक्षा मंत्री का यह संदेश उन सैनिकों के प्रति राष्ट्र की कृतज्ञता को दर्शाता है, जो कठिन परिस्थितियों में भी देश की सुरक्षा के लिए अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हैं।
सीमावर्ती क्षेत्र में तैनात जवानों से मिले रक्षा मंत्री
शेरेथांग पहुंचने पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह का स्वागत गंगटोक के जिला अधिकारी रोहन अगवाने, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. छिरिंग नामग्याल ग्याछो, गृह विभाग के संयुक्त सचिव जान गुरूंग और सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने किया।
युद्ध स्मारक पर श्रद्धांजलि देने के बाद रक्षा मंत्री ने क्षेत्र में तैनात रक्षा कर्मियों से बातचीत की। उन्होंने विषम भौगोलिक परिस्थितियों और चुनौतीपूर्ण मौसम के बीच सीमाओं की सुरक्षा में जुटे जवानों के समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना की।
सिक्किम का सीमावर्ती क्षेत्र अपनी कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और मौसम के लिए जाना जाता है। यहां तैनात सैनिकों को कई बार अत्यधिक ठंड, ऊंचाई और दुर्गम रास्तों के बीच अपनी जिम्मेदारियां निभानी पड़ती हैं। ऐसे में रक्षा मंत्री ने जवानों के साहस और सेवा भावना को देश की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण बताया।
बाबा हरभजन सिंह मंदिर में राजनाथ सिंह ने की पूजा-अर्चना
अपने सिक्किम दौरे के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बाबा हरभजन सिंह मंदिर पहुंचकर श्रद्धा अर्पित की। यह मंदिर भारतीय सेना के जवानों और अधिकारियों के बीच विशेष आस्था का केंद्र माना जाता है।
बाबा हरभजन सिंह मंदिर सिक्किम के सीमावर्ती क्षेत्र में स्थित है। यहां सेना के जवान और अधिकारी श्रद्धा के साथ दर्शन करने पहुंचते हैं। रक्षा मंत्री ने मंदिर में श्रद्धा अर्पित कर देश की रक्षा में जुटे सैनिकों के प्रति सम्मान व्यक्त किया।
राजनाथ सिंह का सिक्किम दौरा शहीद सैनिकों के बलिदान को याद करने और सीमाओं पर तैनात जवानों का मनोबल बढ़ाने के लिहाज से महत्वपूर्ण रहा। युद्ध स्मारक पर पुष्पांजलि से लेकर सैनिकों से संवाद और बाबा हरभजन सिंह मंदिर में श्रद्धा अर्पित करने तक, उनके कार्यक्रम में राष्ट्रसेवा और सैन्य सम्मान का संदेश प्रमुखता से दिखाई दिया।













