लखनऊ, 09 नवंबर 2025 (रविवार): त्योहारों के मौसम में जहां दिल्ली रूट की हवाई और रेल सेवाओं में राहत देखने को मिल रही है, वहीं मुंबई की सीधी उड़ानों का किराया अब भी परचम लहरा रहा है। दीपावली और छठ उत्सवों के बाद भी Mumbai Flight Fare यात्रियों की कमर तोड़ रहा है। किफायती दरों की उम्मीद में बैठे लोग अभी भी टिकटों के आसमान छूते दाम देखकर हैरान हैं।
✈️ मुंबई का हवाई किराया 5 गुना महंगा, ₹24,000 तक पहुंचा किराया
त्योहारों के दौरान लखनऊ से मुंबई जाने वाली फ्लाइट्स ₹30,000 से ऊपर पहुँच गई थीं। अब इनमें थोड़ी कमी तो आई है, लेकिन हालात अभी भी सामान्य नहीं हुए हैं। रविवार तक मुंबई के लिए सीधे उड़ानों में टिकट —
- अकासा एयर: ₹24,363 (सुबह 11:30 बजे)
- एयर इंडिया एक्सप्रेस: ₹16,155 (सुबह 9:25 बजे)
- इंडिगो एयरलाइंस: ₹13,311 (सुबह 9:45 बजे)
आम दिनों में, लखनऊ से मुंबई जाने वाली फ्लाइट का किराया ₹5,000 तक में मिल जाता था। लेकिन इस समय किराया 4 से 5 गुना तक महंगा हो चुका है।
यात्रा एजेंट आतिफ (एयरवॉक ट्रेवल एजेंसी) बताते हैं—
“त्योहारी सीज़न में किराया बढ़ना आम बात है, लेकिन इस बार कई उड़ानों में लगातार ग्रुप बुकिंग और डायनेमिक फेयर की वजह से दरें इतनी अधिक बनी हुई हैं। दिल्ली रूट में ऐसी बुकिंग ना होने की वजह से वहाँ किराया सामान्य हो चुका है।”
🚆 दिल्ली रूट हुआ सामान्य, ट्रेनों में 1000+ सीटें खाली
उधर दिल्ली जाने वाले यात्रियों के लिए अब राहत भरी खबर है। दिल्ली की ट्रेनों में अब मारामारी खत्म हो चुकी है। तेजस एक्सप्रेस, वंदे भारत, शताब्दी और डबल डेकर एक्सप्रेस जैसी वीवीआईपी ट्रेनें अब बड़ी संख्या में खाली सीटों के साथ चल रही हैं:
- वंदे भारत में 465 से 826 तक सीटें खाली
- शताब्दी चेयरकार में 215 से 408 सीटें उपलब्ध
- डबल डेकर में 858 से 1063 सीटें रिक्त
यह स्थिति पिछले हफ्तों की भारी भीड़ के बिल्कुल विपरीत है, जब सीटें लेने के लिए यात्रियों में खींचतान हो रही थी।
🚆 मुंबई रूट पर ट्रेनें अब भी फुल
हालांकि, मुंबई रूट पर रेलवे की भीड़ अब भी पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है।
- पुष्पक एक्सप्रेस की थर्ड एसी और स्लीपर में अब भी 80 तक वेटिंग
- गोरखपुर-पनवेल, अवध एक्सप्रेस, कुशीनगर एक्सप्रेस में भी पक्की सीट के लिए इंतजार जारी
यात्रियों का कहना है कि ट्रेनों में वेटिंग भले कम हुई हो, लेकिन अभी भी स्थिति सामान्य नहीं कहला सकती। त्योहारों की भीड़भाड़ के चलते बहुत से लोग यात्रा विकल्पों के बीच फंसे हुए हैं।








