कोलकाता|06 जून 2026: कोलकाता की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और आधुनिक और तेज बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा संकेत दिया है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को कोलकाता मेट्रो में सफर कर न केवल यात्रियों का अनुभव जाना, बल्कि शहर के मेट्रो नेटवर्क को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं। उन्होंने बताया कि आने वाले चार से पांच वर्षों में Kolkata Metro Expansion के तहत लगभग 60 नई पीढ़ी की मेट्रो ट्रेनें नेटवर्क में शामिल की जाएंगी।
रेल मंत्री ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से अपनी यात्रा शुरू की और जय हिंद स्टेशन से नोआपारा स्टेशन तक मेट्रो में सफर किया। इस दौरान उन्होंने यात्रियों से सीधे बातचीत कर उनकी समस्याओं, सुझावों और यात्रा अनुभवों को समझने का प्रयास किया।
Kolkata Metro Expansion को मिलेगी नई रफ्तार
मेट्रो यात्रा के दौरान रेल मंत्री ने कहा कि कोलकाता मेट्रो देश की सबसे महत्वपूर्ण शहरी परिवहन प्रणालियों में से एक है और इसे भविष्य की जरूरतों के अनुरूप विकसित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगले कुछ वर्षों में शामिल होने वाली 60 नई अत्याधुनिक मेट्रो ट्रेनें यात्रियों को बेहतर सुविधा, अधिक सुरक्षा और आरामदायक सफर उपलब्ध कराएंगी।
उनके अनुसार, नई ट्रेनों के जुड़ने से मेट्रो सेवाओं की क्षमता बढ़ेगी, प्रतीक्षा समय कम होगा और शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच आवागमन अधिक सुगम बनेगा।
यात्रियों और कर्मचारियों से की सीधी बातचीत
अश्विनी वैष्णव ने केवल यात्रियों से ही नहीं, बल्कि स्टेशन पर तैनात कर्मचारियों और सफाई कर्मियों से भी मुलाकात की। उन्होंने स्टेशन परिसरों में स्वच्छता बनाए रखने के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि किसी भी सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था की सफलता में कर्मचारियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है।
कर्मचारियों ने भी रेल मंत्री के साथ संवाद को सकारात्मक बताया और कहा कि उन्हें अपनी बात सीधे शीर्ष स्तर तक पहुंचाने का अवसर मिला। मंत्री ने मेट्रो निर्माण और संचालन से जुड़े कर्मचारियों के योगदान की विशेष रूप से प्रशंसा की।
मेट्रो विस्तार परियोजनाओं को मिलेगा पूरा सहयोग
रेल मंत्री ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार कोलकाता मेट्रो नेटवर्क के विस्तार के लिए हर संभव सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि वर्तमान में चल रही विभिन्न मेट्रो परियोजनाओं के पूरा होने के बाद शहर की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
विशेष रूप से उत्तर कोलकाता और आसपास के उपनगरों को बेहतर परिवहन सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। प्रस्तावित परियोजनाओं से लाखों दैनिक यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
बैरकपुर तक मेट्रो विस्तार पर हुई चर्चा
अपने दौरे के दौरान रेल मंत्री ने राज्य के वरिष्ठ नेताओं के साथ भी विकास परियोजनाओं पर चर्चा की। बैठक में बैरकपुर तक मेट्रो नेटवर्क विस्तार के प्रस्ताव पर विशेष रूप से विचार किया गया।
जानकारी के अनुसार, इस परियोजना के लिए प्रारंभिक सर्वेक्षण और तकनीकी रूपरेखा पहले ही तैयार की जा चुकी है। यदि यह परियोजना आगे बढ़ती है, तो उत्तरी उपनगरों से रोजाना कोलकाता आने-जाने वाले हजारों लोगों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
गरिया-एयरपोर्ट मेट्रो कॉरिडोर पर भी फोकस
रेल मंत्रालय की प्राथमिकताओं में निर्माणाधीन गरिया-हवाई अड्डा मेट्रो मार्ग भी शामिल है। यह परियोजना पूरी होने के बाद शहर के दक्षिणी और पूर्वी हिस्सों को हवाई अड्डे से सीधे जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि कोलकाता मेट्रो नेटवर्क का लगातार विस्तार न केवल ट्रैफिक दबाव कम करेगा, बल्कि शहर की आर्थिक गतिविधियों और शहरी विकास को भी नई गति देगा।
सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने का संदेश
नोआपारा स्टेशन पर उतरने के बाद रेल मंत्री ने बेलघोरिया एक्सप्रेसवे तक पहुंचने के लिए ऑटो-रिक्शा का उपयोग किया। उन्होंने इसे सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने और ईंधन बचत के प्रति जागरूकता फैलाने की दिशा में एक सकारात्मक कदम बताया।
उनका यह दौरा केवल निरीक्षण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इससे यह संदेश भी गया कि भविष्य में कोलकाता की मेट्रो व्यवस्था को और आधुनिक, विस्तृत और यात्री-केंद्रित बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जाएगा।










