लखनऊ/14 जुलाई 2026: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को एक निजी समाचार चैनल के कॉन्क्लेव में पिछली समाजवादी पार्टी (सपा) सरकार पर कानून-व्यवस्था, बेटियों की सुरक्षा और आर्थिक विकास को लेकर तीखा हमला बोला। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश के 35 जिलों में ऐसे हालात थे कि परिवार अपनी बेटियों को सुरक्षित शिक्षा दिलाने के लिए उत्तर प्रदेश से बाहर रिश्तेदारों या छात्रावासों में भेजने को मजबूर थे। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार आने के बाद प्रदेश में सुरक्षा, निवेश और विकास का नया माहौल बना है।
CM योगी का सपा सरकार पर हमला: कानून-व्यवस्था से लेकर निवेश तक गिनाईं उपलब्धियां
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पहले प्रदेश की पहचान दंगों, अपराध और असुरक्षा से जुड़ गई थी, जबकि आज उत्तर प्रदेश निवेश, उद्योग और इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए जाना जा रहा है।
उन्होंने कहा, “2017 से पहले हर तीसरे दिन दंगा होता था। कई शहरों में कर्फ्यू लग जाता था। व्यापारी यह सोचकर घर से निकलता था कि शाम तक सुरक्षित लौट पाएगा या नहीं। कुछ परिवारों ने सुरक्षा कारणों से बेटियों को स्कूल भेजना तक बंद कर दिया था।”
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों के दौरान दंगाइयों को संरक्षण मिलता था और माफिया के सामने सरकारें कमजोर नजर आती थीं। उन्होंने कहा कि अब प्रदेश में कानून का राज स्थापित हुआ है और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।
राम मंदिर ट्रस्ट की जांच पर भी दिया जवाब
अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में कथित वित्तीय अनियमितताओं के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मामले की विशेष जांच दल (SIT) निष्पक्ष जांच कर रही है।
उन्होंने कहा कि जहां भी आवश्यक था, वहां नैतिक आधार पर इस्तीफे भी हुए हैं। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग इस मामले की आड़ लेकर धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाने और हिंदू धार्मिक स्थलों को निशाना बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
’50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले’
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में निवेश का माहौल पूरी तरह बदल चुका है। उनके मुताबिक, राज्य को अब तक 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनमें से करीब 15 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं जमीन पर उतर चुकी हैं।
उन्होंने बताया कि सरकार ने ‘एक जिला-एक उत्पाद (ODOP)’ योजना को नई पहचान दी है और स्थानीय उत्पादों को जीआई टैग से जोड़कर वैश्विक बाजार तक पहुंचाने का प्रयास किया है। मुख्यमंत्री के अनुसार, वर्तमान में प्रदेश में 96 लाख एमएसएमई इकाइयां संचालित हो रही हैं।
बजट, महिला रोजगार और एक्सप्रेसवे पर भी बोले मुख्यमंत्री
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब वर्ष 2017 में उनकी सरकार बनी थी, तब प्रदेश की आर्थिक स्थिति चुनौतीपूर्ण थी। उन्होंने दावा किया कि उस समय राज्य का बजट करीब तीन लाख करोड़ रुपये था, जो अब बढ़कर नौ लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश में महिला कार्यबल की भागीदारी 12 प्रतिशत से बढ़कर 38 प्रतिशत हो गई है। वहीं, देश में बने कुल एक्सप्रेसवे का करीब 60 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश में है, जो राज्य के तेजी से विकसित होते बुनियादी ढांचे को दर्शाता है।
चीनी मिलों और सरकारी नौकरियों का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि वर्ष 2007 से 2017 के बीच प्रदेश की 29 चीनी मिलें बंद हो गई थीं या बेच दी गई थीं। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार के दौरान अब 122 चीनी मिलों का संचालन हो रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार अब तक 9 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दे चुकी है। इसके अलावा हाल ही में आयोजित उत्तर प्रदेश आम महोत्सव का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के आमों की मांग लगातार बढ़ रही है और खरीदारों की लंबी कतारें इसका प्रमाण हैं।
मुख्यमंत्री के ये बयान ऐसे समय आए हैं, जब प्रदेश में विकास, निवेश और कानून-व्यवस्था को लेकर राजनीतिक बहस तेज है। आने वाले समय में इन मुद्दों पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।










