गोरखपुर|16 मई 2026: पूर्वांचल को खेल जगत में नई पहचान दिलाने की दिशा में गोरखपुर इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम का शिलान्यास एक बड़े कदम के तौर पर देखा जा रहा है। शनिवार को आयोजित शिलान्यास समारोह में केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री कमलेश पासवान ने कहा कि आने वाले वर्षों में यह स्टेडियम केवल क्रिकेट का मैदान नहीं रहेगा, बल्कि पूर्वांचल की नई खेल प्रतिभाओं की नर्सरी बनेगा। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2029 तक यहां आईपीएल मैच आयोजित किए जा सकेंगे और इसी धरती से रोहित शर्मा तथा विराट कोहली जैसे खिलाड़ी निकलेंगे।
समारोह में मौजूद लोगों के बीच उत्साह साफ दिखाई दे रहा था। लंबे समय से पूर्वांचल में विश्वस्तरीय खेल सुविधाओं की मांग उठती रही है। ऐसे में गोरखपुर में इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम की शुरुआत को क्षेत्र के युवाओं के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
केंद्रीय मंत्री ने मुख्यमंत्री Yogi Adityanath की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में गोरखपुर और पूरे उत्तर प्रदेश का तेजी से विकास हुआ है। उन्होंने कहा कि अब प्रदेश केवल सड़क और मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर तक सीमित नहीं है, बल्कि खेल सुविधाओं के मामले में भी नई पहचान बना रहा है।
“हर गांव तक खेल संस्कृति पहुंचा रही सरकार”
प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) Girish Chandra Yadav ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में खेल संस्कृति तेजी से विकसित हो रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश की ग्राम पंचायतों में खेल मैदान विकसित किए जा रहे हैं, जबकि ब्लॉक स्तर पर मिनी स्टेडियम बनाने की योजना पर काम चल रहा है।
उन्होंने कहा कि सबसे अधिक आबादी वाला राज्य होने के बावजूद उत्तर प्रदेश में पहले कोई खेल विश्वविद्यालय नहीं था, लेकिन अब मेरठ में मेजर ध्यानचंद के नाम पर खेल विश्वविद्यालय तैयार हो चुका है। इसके अलावा मंडल स्तर पर स्पोर्ट्स कॉलेज विकसित करने की प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ रही है।
खेल मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को रोजगार की गारंटी भी दे रही है। इससे युवाओं का खेलों के प्रति विश्वास और आकर्षण दोनों बढ़ा है।
“जो कहते हैं, उसे पूरा भी करते हैं CM योगी”
गोरखपुर से सांसद और अभिनेता Ravi Kishan ने कहा कि कुछ साल पहले तक किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि गोरखपुर में अंतरराष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट स्टेडियम बनेगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं की खेल प्रतिभा को मंच देने के लिए यह बड़ी सौगात दी है।
रविकिशन ने कहा कि इस स्टेडियम के बनने से केवल खेल गतिविधियां ही नहीं बढ़ेंगी, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे। होटल, परिवहन, छोटे व्यापार और पर्यटन जैसे क्षेत्रों को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा।
उन्होंने कहा कि “डबल इंजन सरकार” की सबसे बड़ी विशेषता यही है कि जो वादा किया जाता है, उसे जमीन पर उतारा भी जाता है।
खेल के साथ विकास की रफ्तार भी तेज
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “खेलो इंडिया”, “फिट इंडिया मूवमेंट” और “सांसद खेल स्पर्धा” जैसी पहल ने देश में नई खेल संस्कृति विकसित की है। उन्होंने कहा कि इसी का परिणाम है कि भारत अब ओलंपिक, एशियाई खेलों और कॉमनवेल्थ गेम्स जैसी प्रतियोगिताओं में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है और प्रदेश सरकार इस दिशा में लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि हर गांव में खेल मैदान, ब्लॉक स्तर पर मिनी स्टेडियम, जिला स्तर पर स्टेडियम और मंडल स्तर पर स्पोर्ट्स कॉलेज विकसित किए जा रहे हैं।
सीएम योगी ने गोरखपुर-वाराणसी मार्ग का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले जहां वाराणसी पहुंचने में चार से पांच घंटे लगते थे, अब यात्रा का समय घटकर करीब ढाई घंटे रह गया है। इसी तरह गोरखपुर से लखनऊ की दूरी भी काफी कम हुई है। उन्होंने कहा कि सरकार केवल दूरी कम नहीं कर रही, बल्कि विकास की रफ्तार बढ़ाकर रोजगार और अवसर भी पैदा कर रही है।
शिलान्यास समारोह में Sanjay Nishad, जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, सांसद विजय दूबे, विधायक फतेह बहादुर सिंह समेत कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।








