नई दिल्ली|22 मई 2026: भारत और साइप्रस के बीच कूटनीतिक रिश्तों को नई ऊर्जा देने वाले एक खास पल ने शुक्रवार को सुर्खियां बटोर लीं। नई दिल्ली स्थित हैदराबाद हाउस में औपचारिक वार्ता शुरू होने से ठीक पहले साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ अपने मोबाइल फोन से सेल्फी ली। यह छोटा लेकिन प्रतीकात्मक क्षण दोनों देशों के बीच बढ़ती नजदीकियों और सहज कूटनीतिक संवाद का संकेत बनकर सामने आया।
औपचारिक मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने एक-दूसरे का गर्मजोशी से अभिवादन किया। तस्वीरों और विजुअल्स में दोनों नेताओं के बीच सहज बातचीत और सकारात्मक माहौल दिखाई दिया, जिसने इस मुलाकात को केवल एक आधिकारिक कार्यक्रम नहीं बल्कि रिश्तों की मानवीय झलक भी बना दिया।
पीएम मोदी साइप्रस राष्ट्रपति सेल्फी के जरिए दिखी रिश्तों की नई गर्माहट
हैदराबाद हाउस में हुई इस मुलाकात को भारत-साइप्रस संबंधों के व्यापक संदर्भ में भी देखा जा रहा है। राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स का यह दौरा ऐसे समय पर हो रहा है जब दोनों देश आर्थिक, रणनीतिक और यूरोप से जुड़ी साझेदारियों को आगे बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, सार्वजनिक मंचों पर दिखने वाली ऐसी सहज कूटनीतिक तस्वीरें अक्सर देशों के बीच भरोसे और संवाद की सकारात्मक छवि तैयार करती हैं। हाल के वर्षों में प्रधानमंत्री मोदी के साथ कई वैश्विक नेताओं की अनौपचारिक तस्वीरें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय रही हैं।
इससे पहले फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी भी पीएम मोदी के साथ ऐसे दोस्ताना सार्वजनिक क्षणों को लेकर चर्चा में रह चुके हैं।
राजघाट पहुंचकर राष्ट्रपति क्रिस्टोडौलिड्स ने महात्मा गांधी को दी श्रद्धांजलि
नई दिल्ली में अपने आधिकारिक कार्यक्रमों की शुरुआत से पहले साइप्रस के राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स ने राजघाट जाकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने श्रद्धासुमन अर्पित कर गांधी जी के विचारों के प्रति सम्मान व्यक्त किया।
भारतीय कूटनीति में राजघाट दौरा अक्सर विदेशी नेताओं के लिए प्रतीकात्मक महत्व रखता है और इसे भारत की लोकतांत्रिक एवं शांति आधारित विरासत से जोड़कर देखा जाता है।
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भारत-साइप्रस सहयोग को बताया महत्वपूर्ण
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भी राष्ट्रपति क्रिस्टोडौलिड्स से मुलाकात की। मुलाकात के बाद उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा कि भारत, भारत-साइप्रस संबंधों और भारत-यूरोपीय संघ सहयोग को मजबूत करने के लिए साइप्रस की सकारात्मक सोच और मार्गदर्शन की सराहना करता है।
यह बैठक केवल द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं मानी जा रही, बल्कि इसे भारत और यूरोपीय क्षेत्र के बीच बढ़ते सहयोग के व्यापक दृष्टिकोण से भी जोड़ा जा रहा है।
मुंबई से दिल्ली तक व्यस्त रहा साइप्रस राष्ट्रपति का कार्यक्रम
नई दिल्ली पहुंचने से पहले राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स ने मुंबई का भी दौरा किया। वहां उन्होंने नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) में विशेष कार्यक्रम में हिस्सा लिया और एनएसई की पारंपरिक घंटी बजाई।
इस दौरान उनके साथ एनएसई के चेयरमैन श्रीनिवास इंजेती और एमडी एवं सीईओ आशीषकुमार चौहान भी मौजूद रहे। इस कार्यक्रम को भारत और साइप्रस के बीच आर्थिक सहयोग और निवेश संबंधों के संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह दौरा जून 2025 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की साइप्रस यात्रा के बाद बने सकारात्मक माहौल को आगे बढ़ाने और दोनों देशों की साझेदारी को नई दिशा देने की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
राष्ट्रपति निकोस क्रिस्टोडौलिड्स अपनी यात्रा के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मूर्मू से भी मुलाकात करेंगे। राष्ट्रपति भवन में उनके सम्मान में आधिकारिक भोज का भी आयोजन प्रस्तावित है।










