नई दिल्ली/09 जून 2026: भीषण गर्मी, उमस और लू से परेशान उत्तर भारत के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। मौसम विभाग (आईएमडी) के ताजा अनुमान के मुताबिक अगले दो दिनों तक तापमान में हल्की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है, लेकिन इसके बाद मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है। 11 जून से मौसम में बदलाव शुरू होगा और 12 से 14 जून के बीच कई राज्यों में अच्छी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस बदलाव के बाद तापमान में चार से छह डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से काफी राहत मिलेगी।
उत्तर भारत में बारिश की वजह बनेगा पश्चिमी विक्षोभ
मौसम विभाग के अनुसार वर्तमान में पाकिस्तान के आसपास सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत के मौसम को प्रभावित करने जा रहा है। 11 जून से इसका असर दिखाई देना शुरू होगा। इसी दौरान पंजाब और हरियाणा के आसपास चक्रवाती परिसंचरण बनने के संकेत भी मिल रहे हैं।
इन दोनों मौसमी प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव से पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। 11 जून की रात से मौसम करवट लेना शुरू कर सकता है, जबकि 12 जून से कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है।
12 से 14 जून के बीच इन राज्यों में होगी अच्छी बारिश
मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार 13 और 14 जून को बारिश का दायरा और अधिक बढ़ सकता है। इस दौरान तेज हवाएं चलने, मेघ गर्जन होने और कुछ क्षेत्रों में आंधी आने की भी संभावना है।
उत्तर प्रदेश में बारिश 12 से 14 जून के बीच अधिकांश जिलों तक पहुंच सकती है। इससे उमस, लू और अत्यधिक गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। वहीं तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की जा सकती है।
बिहार में बारिश की गतिविधियां पहले से सक्रिय मौसमी परिस्थितियों के कारण और तेज हो सकती हैं। कई जिलों में वज्रपात, तेज हवाओं और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून 14 से 15 जून के बीच बिहार में प्रवेश कर सकता है।
राजस्थान और मध्य प्रदेश में भी बदलेगा मौसम
राजस्थान में लंबे समय से पड़ रही गर्मी के बीच बारिश राहत लेकर आ सकती है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से कई जिलों में बादल छाने और बारिश होने के संकेत हैं।
वहीं मध्य प्रदेश में 11 जून से मौसम में बदलाव शुरू होने की संभावना है। सबसे पहले ग्वालियर संभाग में वर्षा गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। इसके बाद अगले दो से तीन दिनों में प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी अच्छी बारिश होने का अनुमान है।
झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी सक्रिय होगा मानसून
झारखंड में 12 जून के बाद मौसम सक्रिय हो सकता है। बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी के कारण कई जिलों में वर्षा की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।
छत्तीसगढ़ में भी मानसून की रफ्तार तेज होने के संकेत हैं। मौसम विभाग के अनुसार मानसून के आगे बढ़ने के साथ राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश का दायरा बढ़ सकता है।
पहाड़ी राज्यों में तेज बारिश का अनुमान
उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में 11 जून की रात से बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। देहरादून, मसूरी और आसपास के क्षेत्रों में दो से तीन दिनों तक तेज बारिश दर्ज की जा सकती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि पहाड़ों में सक्रिय होने वाली मौसम प्रणालियों का असर मैदानी इलाकों के मौसम पर भी पड़ेगा, जिससे उत्तर भारत में बारिश की स्थिति और मजबूत होगी।
पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत में भी जारी रहेगा बारिश का दौर
पूर्वोत्तर भारत में बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी पहुंच रही है। इसके कारण असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश समेत कई राज्यों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है।
दक्षिण भारत में मानसून पहले से सक्रिय बना हुआ है। महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र से लेकर मुंबई, कर्नाटक और केरल तक कई इलाकों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में मानसून की प्रगति और तेज हो सकती है, जिसका असर देश के बड़े हिस्से में देखने को मिलेगा।











