नई दिल्ली/02 नवंबर 2026: बिट्स पिलानी (BITS Pilani) ने छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। संस्थान वर्ष 2027 से अपनी प्रवेश परीक्षा में शीर्ष एक हजार रैंक हासिल करने वाले विद्यार्थियों को पूर्ण छात्रवृत्ति प्रदान करेगा। इस योजना के तहत पात्र छात्रों को चार साल तक शिक्षण शुल्क में 100 प्रतिशत छूट मिलेगी। हालांकि, इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए विद्यार्थियों को निर्धारित शैक्षणिक मानदंडों का पालन करना होगा।
20 लाख रुपये तक की पारिवारिक आय वाले छात्रों को मिलेगा लाभ
बिरला प्रौद्योगिकी एवं विज्ञान संस्थान (बिट्स) पिलानी के समूह कुलपति वी. रामगोपाल राव ने छात्रवृत्ति योजना की जानकारी देते हुए बताया कि बिटसैट में शीर्ष एक हजार स्थान प्राप्त करने वाले ऐसे विद्यार्थियों को पूरी ट्यूशन फीस माफ की जाएगी, जिनकी वार्षिक पारिवारिक आय 20 लाख रुपये तक है।
यह छात्रवृत्ति चार वर्ष की अवधि के लिए लागू होगी। इसके लिए विद्यार्थियों को पढ़ाई के दौरान न्यूनतम 7.5 सीजीपीए (संचयी ग्रेड अंक औसत) बनाए रखना अनिवार्य होगा। यानी प्रवेश परीक्षा में शानदार प्रदर्शन के साथ-साथ कॉलेज में भी बेहतर शैक्षणिक रिकॉर्ड कायम रखना होगा।
दाखिले के साथ ही मिलेगी छात्रवृत्ति की जानकारी
संस्थान की ओर से छात्रवृत्ति की प्रक्रिया को भी सरल बनाया गया है। वी. रामगोपाल राव के अनुसार, पात्र विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति का प्रावधान उनके प्रवेश प्रस्ताव में ही शामिल करके दिया जाएगा। इसके लिए दाखिला लेने के बाद अलग से आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी।
इस व्यवस्था से विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को प्रवेश के समय ही आर्थिक सहायता की जानकारी मिल सकेगी। उच्च शिक्षा के बढ़ते खर्च के बीच यह पहल उन परिवारों के लिए राहत का अवसर बन सकती है, जो प्रतिभाशाली बच्चों को प्रतिष्ठित संस्थान में पढ़ाना चाहते हैं।
BITSAT के जरिए मिलता है बिट्स पिलानी में प्रवेश
बिट्स पिलानी के विभिन्न परिसरों में एकीकृत प्रथम डिग्री स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए बिट्स एडमिशन टेस्ट (BITSAT) आयोजित किया जाता है। यह कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा है।
इसके माध्यम से विद्यार्थियों को बीई (बैचलर ऑफ इंजीनियरिंग), एमएससी और बीफार्मा जैसे पाठ्यक्रमों में दाखिला मिलता है। वर्ष 2027 से लागू होने वाली नई छात्रवृत्ति योजना के तहत प्रवेश परीक्षा में शीर्ष एक हजार रैंक हासिल करने वाले पात्र विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता दी जाएगी।
प्रतिभा और आर्थिक स्थिति के बीच की दूरी कम करने के उद्देश्य से उठाया गया यह कदम उच्च शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब छात्रों के लिए प्रवेश परीक्षा में बेहतर रैंक हासिल करना न केवल प्रतिष्ठित संस्थान में दाखिले का रास्ता खोलेगा, बल्कि उनकी पढ़ाई का आर्थिक बोझ भी कम कर सकता है।













