लखनऊ, 06 जुलाई। उत्तर प्रदेश सरकार ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश और प्रदेश का नाम रोशन करने वाले खिलाड़ियों के लिए सरकारी नौकरी के अवसर और बढ़ा दिए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में सोमवार को हुई मंत्रिपरिषद की बैठक में उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता सीधी भर्ती नियमावली-2022 में महत्वपूर्ण संशोधन को मंजूरी दे दी गई। इस फैसले के बाद अब खिलाड़ियों के लिए 35 नए पद नियमावली में शामिल किए जाएंगे, जिससे सरकारी सेवाओं में उनकी सीधी नियुक्ति का दायरा पहले से अधिक व्यापक हो जाएगा।
सरकार का मानना है कि यह निर्णय केवल खिलाड़ियों को सम्मान देने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि प्रदेश में खेल संस्कृति को भी नई गति देगा और युवाओं को खेलों में करियर बनाने के लिए प्रोत्साहित करेगा।
अब रजत और कांस्य पदक विजेताओं को भी मिलेगा बड़ा अवसर
अब तक अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों के लिए कुछ पदों पर सीधी नियुक्ति का प्रावधान था। संशोधित नियमावली के बाद ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियन गेम्स, कॉमनवेल्थ गेम्स और विश्व चैंपियनशिप जैसी प्रतिष्ठित प्रतियोगिताओं में रजत और कांस्य पदक जीतने वाले खिलाड़ी भी कई महत्वपूर्ण सरकारी पदों पर सीधी भर्ती के पात्र होंगे।
इस फैसले से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अधिक खिलाड़ियों को सरकारी सेवा का अवसर मिलेगा।
35 नए पद नियमावली में किए जाएंगे शामिल
कैबिनेट के निर्णय के अनुसार सीधी भर्ती नियमावली में कुल 35 नए पद जोड़े जाएंगे। इनमें शामिल हैं—
- खेल विभाग में क्रीड़ाधिकारी के 9 पद
- युवा कल्याण विभाग में जिला युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल अधिकारी के 3 पद
- खेल विभाग में उप क्रीड़ाधिकारी के 23 पद
सरकार के अनुसार क्रीड़ाधिकारी और जिला युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल अधिकारी के पद पहले ही लोक सेवा आयोग की परिधि से बाहर किए जा चुके हैं। वहीं उप क्रीड़ाधिकारी के पद को उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की परिधि से अलग करने पर भी कार्मिक विभाग ने अनापत्ति प्रदान कर दी है।
वन विभाग के पदों में भी किया गया संशोधन
कैबिनेट ने पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के क्षेत्रीय वन अधिकारी के दो पदों को उनके वेतनमान के अनुरूप नियमावली के परिशिष्ट ‘ग’ से हटाकर परिशिष्ट ‘ख’ में शामिल करने का भी निर्णय लिया है। इससे संबंधित नियुक्तियों की प्रक्रिया नियमावली के अनुरूप और स्पष्ट हो सकेगी।
खेल मंत्री बोले— खिलाड़ियों का बढ़ेगा मनोबल
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री गिरीश चंद्र यादव ने कहा कि सरकार का यह निर्णय खिलाड़ियों के सम्मान और भविष्य दोनों को मजबूत करेगा। उनके अनुसार इससे प्रदेश में खेलों का माहौल बेहतर होगा, युवा खेलों को करियर के रूप में अपनाने के लिए प्रेरित होंगे और चयनित खिलाड़ी सरकारी जिम्मेदारियों के साथ-साथ खेल प्रतिभाओं को भी प्रशिक्षित कर सकेंगे।
2022 की नियमावली के बाद अधिकांश खिलाड़ियों को मिल चुकी है नौकरी
खेल विभाग के अनुसार वर्ष 2022 में नियमावली लागू होने के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतने वाले अधिकांश पात्र खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में नियुक्ति दी जा चुकी है। वर्तमान में केवल दो पात्र खिलाड़ी नियुक्ति की प्रतीक्षा में हैं, जिन्हें क्रीड़ाधिकारी के पद पर नियुक्त किया जाएगा।
30 स्वीकृत पदों में अभी भी 13 पद खाली
वर्ष 2022 में लागू नियमावली के तहत 10 विभागों में कुल 30 पद अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ियों के लिए चिन्हित किए गए थे। इनमें से अब तक 17 पदों पर नियुक्तियां हो चुकी हैं, जबकि 13 पद अभी रिक्त हैं।
ग्रामीण विकास विभाग में खंड विकास अधिकारी के चार पदों में तीन भरे जा चुके हैं और एक पद खाली है। बेसिक शिक्षा विभाग में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी का एक पद तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग में सहायक जिला विद्यालय निरीक्षक के दोनों पद अभी रिक्त हैं।
वहीं गृह विभाग के सभी सात पुलिस उपाधीक्षक पद और पंचायतीराज विभाग के दोनों जिला पंचायत राज अधिकारी पदों पर नियुक्ति पूरी हो चुकी है। क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी के छह पदों में एक पर नियुक्ति हुई है, जबकि पांच पद अभी खाली हैं। परिवहन विभाग के यात्रीकर एवं मालकर अधिकारी तथा राजस्व विभाग के नायब तहसीलदार के सभी चिन्हित पद भर चुके हैं, जबकि वन विभाग के क्षेत्रीय वन अधिकारी के दोनों पद अभी रिक्त हैं।
इस संशोधन के बाद सरकार को उम्मीद है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को उनकी उपलब्धियों के अनुरूप सरकारी सेवाओं में अधिक अवसर मिलेंगे और प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को नई पहचान मिलेगी।









