नई दिल्ली, 15 सितंबर 2026। देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता दिखाई दे रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मंगलवार, 15 सितंबर को देश के 22 राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। उत्तर भारत से लेकर पूर्वी, पश्चिमी और दक्षिणी राज्यों तक मौसम का मिजाज बदलने की संभावना है। कई जगहों पर गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं।
सबसे ज्यादा चिंता गुजरात को लेकर है, जहां कई इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश की आशंका के चलते रेड अलर्ट जारी किया गया है। दूसरी ओर दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, पंजाब और हरियाणा समेत कई राज्यों में आंधी, बिजली चमकने और बारिश को लेकर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
दिल्ली-एनसीआर में मानसून का असर, हल्की बारिश के आसार
राजधानी दिल्ली और एनसीआर के इलाकों में मंगलवार को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक कुछ इलाकों में हल्की बारिश हो सकती है। तापमान की बात करें तो अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री सेल्सियस, जबकि न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
सितंबर के मध्य में मानसून की सक्रियता बढ़ने से दिल्ली-एनसीआर के मौसम में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। हालांकि राजधानी में गुजरात जैसी अत्यधिक बारिश की स्थिति नहीं है, लेकिन स्थानीय स्तर पर तेज बारिश और जलभराव जैसी परिस्थितियों से इनकार नहीं किया जा सकता।
गुजरात में भारी बारिश का रेड अलर्ट
गुजरात में मौसम का असर सबसे ज्यादा गंभीर रहने की आशंका है। मौसम विभाग ने अहमदाबाद, गांधीनगर, सुरेंद्रनगर, राजकोट, मोरबी, पोरबंदर, जामनगर और देवभूमि द्वारका समेत आठ जिलों में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
रेड अलर्ट का मतलब है कि इन इलाकों में मौसम बेहद खराब हो सकता है और भारी बारिश से सामान्य जनजीवन प्रभावित होने की आशंका रहती है। निचले इलाकों में जलभराव और यातायात संबंधी परेशानियां भी बढ़ सकती हैं।
उत्तर प्रदेश में आंधी-बारिश का अलर्ट
उत्तर प्रदेश के भी कई जिलों में मंगलवार को मौसम करवट ले सकता है। गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज और गोरखपुर समेत कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है।
इस दौरान 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। बिजली चमकने और आंधी की आशंका को देखते हुए लोगों को खुले स्थानों पर अनावश्यक रूप से न रहने की सलाह दी जाती है। खासकर खेतों में काम करने वाले लोगों और दोपहिया वाहन चालकों को मौसम बिगड़ने पर अतिरिक्त सावधानी बरतनी होगी।
बिहार के कई हिस्सों में येलो अलर्ट
बिहार में भी मानसून की सक्रियता का असर दिखाई दे सकता है। राज्य के लगभग आधे हिस्से में येलो अलर्ट जारी किया गया है। पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज के अलावा बक्सर, भोजपुर और रोहतास में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।
उत्तर बिहार और सीमांचल के इलाकों में बारिश का असर स्थानीय जनजीवन और आवागमन पर पड़ सकता है। किसानों के लिए भी मौसम का यह बदलाव अहम है, क्योंकि सितंबर में होने वाली बारिश खेतों में खड़ी फसलों की स्थिति को प्रभावित कर सकती है।
मध्य प्रदेश, पंजाब और हरियाणा में भी मौसम बदलेगा
मध्य प्रदेश में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, नर्मदापुरम और बैतूल समेत कई जिलों में गरज-चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश की चेतावनी है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं के साथ मौसम अचानक बदल सकता है।
वहीं पंजाब और हरियाणा में आंधी-तूफान तथा बिजली कड़कने की संभावना को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मौसम खराब होने के दौरान पेड़, बिजली के खंभों और खुले मैदानों से दूरी बनाए रखना सुरक्षित रहेगा।
पहाड़ों से दक्षिण भारत तक बारिश का अलर्ट
उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पर्वतीय इलाकों में भी रुक-रुककर बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के दौरान स्थानीय स्तर पर सड़क यातायात प्रभावित होने और भूस्खलन जैसी परिस्थितियों का खतरा बढ़ सकता है।
इसके अलावा पूर्वोत्तर भारत में असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में भी बारिश की संभावना जताई गई है। दक्षिण भारत के केरल, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और तमिलनाडु में भी मौसम विभाग ने बारिश का अलर्ट जारी किया है।
मौसम विभाग की चेतावनी को हल्के में न लें
मानसून के इस दौर में बारिश का असर हर क्षेत्र में एक जैसा नहीं होगा। कहीं हल्की फुहारें राहत देंगी तो कुछ इलाकों में भारी बारिश मुश्किलें बढ़ा सकती है। ऐसे में मौसम विभाग के स्थानीय पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी है। तेज आंधी या बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और असुरक्षित ढांचों से दूरी बनाना लोगों के लिए सबसे अहम सावधानी होगी।













