लखनऊ/16 जून 2026: उत्तर प्रदेश में मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहे लाखों विद्यार्थियों के लिए बड़ी राहत की खबर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 21 जून को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) की बसों में किराए पर 50 प्रतिशत छूट देने का ऐलान किया है। इस फैसले से उन छात्रों को विशेष लाभ मिलेगा, जिन्हें परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के लिए दूसरे जिलों की यात्रा करनी होगी।
मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने परीक्षा की तैयारियों, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन और जनशिकायतों के निस्तारण की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
NEET अभ्यर्थियों को बस किराए में 50% छूट, प्रवेश पत्र दिखाने पर मिलेगा लाभ
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश के 59 जिलों में नीट परीक्षा आयोजित की जाएगी, जिसमें लगभग साढ़े तीन लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना है। परीक्षा के दिन छात्र-छात्राओं को रोडवेज बसों में केवल आधा किराया देना होगा। इसके लिए अभ्यर्थियों को यात्रा के दौरान अपना प्रवेश पत्र दिखाना होगा।
उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि जिन विद्यार्थियों का परीक्षा केंद्र उनके गृह जनपद से बाहर है और जिनके पास ठहरने की कोई व्यवस्था नहीं है, उनके लिए स्थानीय स्तर पर अस्थायी आवास की सुविधा सुनिश्चित की जाए। इससे दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले छात्रों को परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
परीक्षा की पारदर्शिता और सुरक्षा पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के सभी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन कराया जाए।
परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने, संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त निगरानी करने और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना को समाप्त करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही सोशल मीडिया और अन्य डिजिटल माध्यमों पर फैलने वाली अफवाहों तथा भ्रामक सूचनाओं पर भी कड़ी नजर रखने को कहा गया है।
58 हजार ग्राम पंचायतों और 762 निकायों में मनाया जाएगा योग दिवस
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के व्यापक आयोजन की तैयारियों की भी समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रदेश की सभी 58 हजार ग्राम पंचायतों और 762 नगरीय निकायों में योग दिवस कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।
इस वर्ष योग दिवस की थीम ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ रखी गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों और शासन के प्रतिनिधियों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए। साथ ही प्रधानमंत्री के योग दिवस कार्यक्रम का प्रदेशभर में सीधा प्रसारण भी कराया जाए।
अमृत सरोवरों और ऐतिहासिक स्थलों पर होगा सामूहिक योगाभ्यास
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अमृत सरोवरों, ऐतिहासिक धरोहरों और सांस्कृतिक स्थलों पर सामूहिक योगाभ्यास को प्राथमिकता दी जाए। इसके अलावा नगरीय क्षेत्रों के लगभग 14 हजार वार्डों में योग कार्यक्रमों के लिए स्थानों का चिह्नांकन करने को भी कहा गया है।
योग दिवस से पहले 20 जून को विशेष स्वच्छता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। इस अभियान में नगर विकास, ग्राम्य विकास और पंचायती राज विभागों के साथ शिक्षण संस्थानों की भी भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि योग दिवस केवल औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि स्वस्थ और जागरूक समाज के निर्माण का एक महत्वपूर्ण जनआंदोलन है।
जनशिकायतों के निस्तारण में लापरवाही पर होगी जवाबदेही तय
सीएम हेल्पलाइन, जनता दर्शन और आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने कुछ जिलों की कार्यप्रणाली पर असंतोष जताया। उन्होंने कहा कि जिन जिलों में शिकायतों के निस्तारण की स्थिति संतोषजनक नहीं है, उन्हें तत्काल सुधार करना होगा।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जनता से जुड़े मामलों में लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी। यदि सुधार नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई की जाएगी।
राज्य सरकार के इन फैसलों से जहां नीट अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिलेगी, वहीं योग दिवस और जनसेवा से जुड़े कार्यक्रमों को भी प्रदेशभर में व्यापक स्तर पर मजबूती मिलने की उम्मीद है।











